उत्त्तरप्रदेश – मुजफ्फनगर के शाहपुर के गांव कुटबी में केन्द्रीय मंत्री डा. संजीव बालियान ने वोट डाला। चरथावल विधान सभा क्षेत्र व थाना शाहपुर क्षेत्र के गांव कुटबी में मतदान करने दूल्हे अंकुर बालियान के साथ पँहुचे केंद्रीय मंत्री डॉ संजीव बालियान दूल्हे ने कहा पहले मतदान बाद में बारात व दुल्हन के साथ भी मतदान करके बंधन में बंधेंगे।
मतदान के बाद उन्होंने कहा कि उन्होंने कहा कि पिछले सात वर्ष में जितना विकास देश तथा प्रदेश में हुआ उतना आजादी के बाद कभी नहीं हुआ है। योगी आदित्यनाथ सरकार में प्रदेश की कानून व्यवस्था पटरी पर आई। रोजगार के साधन बढ़े हैं तो पर्यटन को बढ़ावा मिल रहा है। लोगों से अपील है कि शांतिपूर्ण व आपसी सौहार्द से मतदान करें।
डा. संजीव बालियान ने मुजफ्फरनगर में किया मतदान
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 में पहले चरण के मतदान में 11 जिलों के वोटर सुबह से ही मतदान केन्द्रों पर अपने अधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 58 सीटों पर हो रहे मतदान में पहले चार घंटे में 20.03 प्रतिशत मतदान हुआ। पहले दो घंटे में जहां 7.93 प्रतिशत वोट पड़े थे, वहीं अगले दो घंटे में मतदान प्रतिशत दोगुणे से अधिक बढ़ गया है। 11 बजे तक कुल 20.03 प्रतिशत मतदान हो गया। शामली में सर्वाधिक 22.83 प्रतिशत वोट पड़े हैं तो सबसे कम 17.91 प्रतिशत मतदान अलीगढ़ में हुआ है। नौ से 11 बजे से बीच में आगरा में 20.30, अलीगढ़ में 19.91, बागपत में 22.30, बुलंदशहर में 21.34, गौतमबुद्धनगर में 19.23, गाजियाबाद में 18.24, हापुड़ में 22.80, मथुरा में 20.73, मेरठ में 18.54, मुजफ्फरनगर में 22.65 तथा शामली में 22.83 प्रतिशत मतदान हो गया था।
एक सूर्य, एक चंद्रमा और एक ही थी लता मंगेशकर।दुनिया के सात आश्चर्य तो जमीन पर सदा मौजूद रहेंगे, मगर आठवां आश्चर्य बनकर धरती पर उतरने वाली लता मंगेशकर सदा के लिए अनंत में विलीन हो गईं।जरा सोचिए अगर लता जी ने ‘ऐ मेरे वतन के लोगो….’ न गाया होता तो क्या शहीदों के सम्मान और महत्ता को इतनी संजीदगी से हम महसूस कर पाते? यह एकमात्र गीत उन्हें अमर बनाने के लिए काफी है,मगर लता जी ने फिल्मों में जो हजारों गीत गाए हैं, उनमें से अनेक गीत ऐसे हैं जो क्लासिक बन चुके हैं और जिनके बिना भारतीय सिने संगीत की चर्चा ही नहीं हो सकती.गंभीर दर्शन और उच्च साहित्यिक मूल्यों वाली रचनाओं के साथ-साथ उन्होंने हंसी ठिठोली वाले हल्के फुलके गीत भी गाए हैं, जिन्हें लोगों ने खूब पसंद किया। कुछ गीतों की शुरुआत या मध्य में उनकी गुनगुनाहट या हल्का सा आलाप भी ऐसा है कि मन होता है उसे बार-बार सुनते ही रहें….जैसे रेशमा और शेरा में ….तू चंदा मैं चांदनी…..सोलह बरस की बाली की उमर को सलाम या रंगीला रे….अमिताभ बच्चन कहते हैं कि उनके पिता हरिवंशराय बच्चन कहते थे कि लता जी की गायकी शहद की तरह है जो मीठी और मधुर तो है ही,उसकी धार कभी टूटती नहीं।
गायन में सम को साधने में जो महारत लता जी को हासिल थी, वह विरले ही किसी को नसीब होती है. कोई भी गीत सम से ही शुरू होता है और सम पर ही खत्म होता है,गायक संपूर्ण लयकारी का का प्रदर्शन करते हुए यहीं आकर रुकता है,इस प्रक्रिया में बहुत लोग बेसुरे हो जाते हैं, हूं ..हां…रे रे रे…. जैसी आवाजों की आड़ में सामान्य श्रोताओं की पकड़ से बच जाते हैं,मगर संगीत के सुधी श्रोताओं और समीक्षकों द्वारा पकड़े जाते हैं.
उन्होंने हिंदी के साथ-साथ क्षेत्रीय भाषाओं में भी हजारों गीत गाए हैं और किसी भी भाषा में उनके उच्चारण को लेकर कभी कोई शिकायत नहीं हुई.मेरी मातृभाषा भोजपुरी है.जो सुख और सुकून भोजपुरी में मुझे लता जी को सुनकर मिलता है,उसका कोई अन्य विकल्प कभी नहीं मिला. भोजपुरी फिल्मों में उनके गाये गीत एक अनमोल धरोहर हैं जो मील के पत्थरों की तरफ सर्वदा आदर्श बने रहेंगे. ‘हे गंगा मैया तोहें पियरी चढ़इबो ….या तलत महमूद के साथ युगल गीत ‘लाले लाले होठवा से चुवेला ललइया’ उन्होंने इस भावुक अंदाज में गाया है कि उनकीआवाज कलेजे को चीरती हुई चली जाती है. भोजपुरी में हजारों फिल्में बन चुकी हैं मगर उनके गीतों के मुकाबले दूसरे गीत कहीं नहीं ठहरते.
लता जी का मन शास्त्रीय संगीत में खूब रमता था. रजत शर्मा को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा भी था कि मैं शास्त्रीय संगीत को साधना चाहती थी मगर मेरी यह साध पूरी नहीं हो सकी,ज़िंदगी ने उतना वक्त नहीं दिया.वे अपने पिताजी की बरसी पर भीमसेन जोशी और कुमार गंधर्व जैसे शास्त्रीय गायकों की ही प्रस्तुति रखती थीं.
Late Lata Mangeshkar Ji
उनके प्रति हीरो हीरोइनों की दीवानगी का आलम यह था कि वे प्रोड्यूसरों से शर्त के तौर पर कहा करते थे कि आप कांट्रेक्ट में यह लिखिए कि हमारे लिए लता मंगेशकर प्लेबैक करेंगी.
लता जी का सेंस ऑफ ह्यूमर कमाल का था. एक बार किसी संगीतकार ने किसी गायिका से इश्क होने के बाद उसे सर्वश्रेष्ठ गायिका घोषित कर दिया.इस पर लता जी की टिप्पणी थी कि इश्क में आदमी अंधा हो जाता है,यह तो कई बार देखा है, लेकिन बहरा भी हो जाता है,ऐसा पहली बार देख रही हूं.
मुगले आजम, पाकीजा, गाइड, मदर इंडिया,चित्रलेखा,सिलसिला,चांदनी,अभिमान… जैसी क्लासिक फिल्में क्या लता की आवाज के बिना वह जादू जगा पातीं जिसके लिए दुनिया भर में हर दिन लोग उन्हें याद करते हैं?
राज सिंह डूंगरपुर से उनकी नजदीकियां जगजाहिर थीं,देश-विदेश में होने वाले लता जी के तमाम लाइव कंसर्ट के लिए राजसिंह डूंगरपुर से ही बातचीत करनी होती थी.राज सिंह के पिता अगर सहमत हो जाते तो शायद वे जयपुर राजघराने की बहू होतीं, मगर विधि के विधान में शायद यह नहीं था.
हो सकता है वक्त के साथ ताजमहल की चमक कभी फीकी पड़ जाए, मगर लता जी अपने सुरों से साहित्य और संगीत की जो अनमोल धरोहर हमें सौंपकर गई हैं उसकी चमक युगों युगों तक कभी फीकी नहीं होगी.
भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न और सिनेमा का सर्वोच्च सम्मान दादा साहब फाल्के के साथ-साथ उन्हें अनगिनत सम्मान और पुरस्कार दिए गए बावजूद इसके ऐसा लगता है कि लता जी ने देश और समाज को जो दिया उसके मुकाबले हम उन्हें कुछ भी नहीं दे सके. उनके दिवंगत होने के बाद महाराष्ट्र सरकार का नैतिक कर्तव्य बनता है जिस ‘प्रभु कुंज’ में उन्होंने अपना तमाम जीवन बिताया उसे लता मंगेशकर संग्रहालय के रूप में विकसित करे , जहां देश और दुनिया से आने वाले तमाम लोग अपना सर झुका सकें.यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी
देहरादून: दिनाँक ९ फ़रवरी , बीजेपी ने उत्तराखंड के लिए बुधवार को घोषणा पत्र जारी कर दिया है। दृष्टि पत्र के नाम से जारी घोषणा पत्र में किसानों-नौजवानों, महिलाओं से लेकर हर किसी के लिए कुछ न कुछ दिया गया है। दंगो से निबटने और लव जिहाद के खिलाफ कानून को कड़ा करने के भी वादे किये गए हैं। किसानों को 8000 रुपये मिलने की बात कही गई है । गौ वंश को लेकर घोषणा पत्र में बड़ी बात कही गई है , गौ संतान संरक्षण अधिनियम कानून को और कठोर करने का वादा किया गया है। राज्य के हर ब्लाक में किसान मंडी और पशुओं के कारण होने वाले फसल के नुकसान को कम करने का वादा भी किया गया है।
कानून व्यवस्था को सख्त बनाने के लिए लवजिहाद कानून को और कठोर करने की बात कही गई है। महिला थानों की संख्या दोगुना करने के साथ ही 100 महिला आरक्षियों की पेट्रोलिंग की व्यवस्था होगी। उधम सिंह नगर और हरिद्वार में नई सशस्त्र पुलिस बटालियन बनाने का वादा किया गया है।
नई दिल्ली। कुछ दिन पहले ही उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी को फेक समाजवादी करार देने वाले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का कहना है कि समाजवाद का असली गुण और व्यवहार तो भाजपा मे है। एक ही तराजू पर सपा और कांग्रेस को रखते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वहां परिवारवाद हावी है जबकि भाजपा सरकार में गरीबों को भोजन, पेय जल स्वास्थ्य की व्यवस्था, कृषि के लिए मदद जैसे सारे काम होते हैं। यह काम अगर समाजवाद है और कोई भाजपा को समाजवादी कहे तो मंजूर है।
पिछले दो दिनों से संसद में प्रधानमंत्री परिवारवाद को लोकतंत्र के लिए खतरा बताते रहे हैं। बुधवार को एक टेलीविजन एजेंसी को दिए साक्षात्कार में उन्होंने इसे और विस्तार से समझाया। उन्होंने कहा कि राम मनोहर लोहिया, जार्ज फर्नाँडिस, नीतीश कुमार सभी समाजवादी है और इनके परिवार से कोई दूसरा चुनाव लड़ने नहीं आया। किसी की ओर से भेजी गई एक चिट्ठी का हवाला देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वहां 45 सदस्य कोई न कोई चुनाव लड़ रहे थे। समाजवादी पार्टी के मुखिया के परिवार में 25 से उपर ऐसा कोई बचा नहीं जिसने चुनाव न लड़ा हो। यही हाल दूसरी पार्टी का है जहां सबकुछ परिवार के लिए होता है। अध्यक्ष भी उसी परिवार से, कोषाध्यक्ष भी। प्रधानमंत्री ने कहा कि जम्मू -कश्मीर हो या तमिलनाडु, पंजाब हो या उत्तर प्रदेश यही परिवारवाद हावी है। ऐसे में आज का युवा भाजपा छोड़कर किसी दूसरी पार्टी ने जाना चाहे तो भी जगह नहीं मिलेगी।
पांचों राज्यों में है भाजपा की लहर
सवालों का जवाब देते प्रधानमंत्री ने पांचों राज्यों में भाजपा की लहर बताई और कहा कि उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ ने वह कर दिखाया है विपक्षी दलों के शासनकाल में असंभव था। योजनाएं गरीबों के घर पहुंच रही हैं। कानून व्यवस्था दुरुस्त है, बहन बेटियां सुरक्षित हैं। अखिलेश कह रहे हैं कि उनकी योजनाओं का श्रेय लिया जा रहा है लेकिन सच्चाई यह है कि वह कर ही नहीं पाए थे, अब योगी जी ने कर दिया तो उसे कैश करने चले हैं।
एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि असामाजिक तत्वों के खिलाफ कार्रवाई हो रही है। और पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के अंदर कार्रवाई होती है। वरना कुछ लोगों का तो घर ही पीआइएल पर चलता है। उन्हें भी कुछ नहीं मिला इसका अर्थ ही है कि ऐसा कुछ था ही नहीं।
पिछले विधानसभा में कांग्रेस -सपा के गठबंधन का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वहां पहले दो लड़के भी लड़े चुके हैं और अहंकार भी दिखा चुके है जब दो गधे की बात की गई थी। बाद के चुनाव मे बुआ भी आ गई थीं लेकिन जनता ने हर बार उनको नकारा। यह इसलिए हुआ क्योंकि भाजपा सरकार फाइल साइन करने और घोषणाओं तक सीमित नहीं रहती है। भाजपा डिलीवरी पर जोर देती है। उन्होंने कहा कि भाजपा जब हारती है तो मंथन करती है कि विरोधियों की क्या रणनीति थी, खुद को सुधारती है, सीखती है और जब जीतती है तो दिल जीतने में लगती है। जमीन पर अपनी स्थिति और मजबूत करने की कोशिश करती है। यही कारण है कि जनता का भरोसा भाजपा में है। हम जीत को सिर पर सवार नहीं होने देते हैं।
डबल इंजन सरकार को लेकर भी उन्होंने विस्तार से बताया और कहा कि कुछ राज्य यह समझते हैं कि उनकी सरकार है और वह अपनी मर्जी चलाएंगे लेकिन इसमें जनता का नुकसान हो जाता है। उन्होंने आयुष्मान का हवाला दिया और कहा कि अगर कोई राज्य इसे लागू नहीं करता है तो वहा की जनता दूसरे राज्यों में जाकर इसका फायदा नहीं ले पाएगी। इस क्रम में उन्होंने दिल्ली का नाम भी लिया।
लखीमपुर खीरी के कारण घेरे में आए केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी और हाल के दिनों मे हुई कुछ रेड की घटनाओं पर भी उन्होंने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि टेनी के मामले में सुप्रीम कोर्ट जिस तरह की जांच चाहता है वह हो रहा है। सच्चाई सामने आएगी। जबकि रेड को उन्होंने प्रशासनिक प्रक्रिया बताया। उन्होंने कहा कि देश में तो अक्सर चुनाव हो रहे होते हैं, तो क्या सरकारी दफ्तर काम करना बंद कर दे। चुनाव के वक्त रेड नहीं होते हैं, रेड के बीच ही चुनाव आ जाते हैं। उन्होंने आगे जोड़ा कि अगर गलत तरीके से कमाया गया धन सरकारी खजाने मे आ रहा है लोगों के काम आ रहा है तो बुराई क्या है।
कोरोना प्रसार के लिए प्रधानमंत्री ने फिर से विपक्षी दलों और दिल्ली का आम आदमा पार्टी सरकार को कठघरे में खडा किया। उन्होंने कहा कि पहली लहर के वक्त आप के लोगों ने घर जा जा कर लोगों को दिल्ली छोड़ने को उकसाया। उन्होंने कहा कि इसके कई वीडियो साक्ष्य हैं।
पटना। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने मंगलवार को सक्रिय राजनीति में वापसी का ऐलान किया है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में शामिल होने के लिए दिल्ली से बिहार आने के पहले मीडिया से बातचीत में उन्होंने चुनाव लड़ने की संभावना जताई है। उन्होंने कहा कि अभी कोर्ट से मुझे चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं है। अनुमति मिलते ही चुनाव लड़कर संसद आऊंगा। लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कुछ भी बोलते रहते हैं, मैं संसद पहुंचकर उनकी बातों का जवाब दूंगा।
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) लालू ने इसी महीने से होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर सीएम योगी आदित्यनाथ पर भी हमला किया। उन्होंने कहा कि यूपी के मुख्यमंत्री इलेक्शन के दौरान काफी अभद्र भाषा का प्रयोग कर रहे हैं। उनकी बातों से साफ दिख रहा है कि वह नर्वस हो गए हैं। लालू ने कहा कि योगी के बयानों में सिर्फ गाली-गलौज करना बचा है। यूपी की जनता भाजपा के दुष्प्रचार से थक चुकी है। वे केवल दंगों, धर्म और मंदिर के बारे में बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि साफ झलक रहा है कि इसबार यूपी में बीजेपी का सफाया होने वाला है।
गांव भैरी अकबरपुर में लगने वाले क्षेत्र के प्रसिद्ध बाबा रामदेव मेले की तैयारियां पूरी हो गई है। मंदिर कमेटी के सदस्य अनूप धतरवाल ने बताया कि मेले में लाखों भक्त आएंगे और पूरी व्यवस्था की गई है। भक्तों को दर्शन करने व धौक लगाने में कोई दिक्कत ना हो।
ब्यूरो – उकलाना : गांव भैरी अकबरपुर में लगने वाले क्षेत्र के प्रसिद्ध बाबा रामदेव मेले की तैयारियां पूरी हो गई है। मंदिर कमेटी के सदस्य अनूप धतरवाल ने बताया कि प्रतिवर्ष की तरह ही इस बार भी मेले में लाखों भक्त आएंगे जिसकी पूरी – पूरी व्यवस्था की गई है। भक्तों को दर्शन करने व धौक लगाने में कोई दिक्कत ना हो। इसके अलावा वालंटियर्स की भी ड्यूटी भी लगाई गई है। दूसरी तरफ पुलिस प्रशासन ने भी अपनी तैयारियां की है। जिस से पुरे मेले को सुचारु रूप से संचालित किया जा सके।
दौलतपुर चौक व गांव भैरी अकबरपुर में सरकारी स्कूल के पास नाके लगाए गए हैं, ताकि वाहन बाहर ही खड़े रहे। मेले में दुकानदारों ने भी अपना डेरा जमा लिया है। मेले में श्री कृष्ण गौशाला उकलाना की तरफ से भी स्टाल लगाई जाएगी। गौशाला के प्रधान अभेराम मंगला ने बताया कि इसमें गायक कलाकार गौ माता की महत्ता का बखान करेंगे।
हरियाणा – हिसार , दिनाँक ८ फ़रवरी को हांसी में गोरक्षा सेवा दल की टीम ने गायों से भरे एक कैंटर को पकड़ लिया। कैंटर चालक मौके का फायदा उठाकर वहां से फरार हो गया। गोरक्षा दल की टीम ने मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने कैंटर को अपने कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस को दी गई शिकायत में जिला अध्यक्ष गोरक्षा दल अनिल आर्य ने बताया कि उसे सूचना मिली थी कि हिसार की ओर से एक कैंटर जिसमें गोवंशी से भरा हुआ है और गाड़ी चालक इन गौ वंश को वध के लिए ले जा रहा है।
सूचना मिलने पर वह अपने दोस्तों के साथ गाड़ी में सवार होकर हाईवे पर पहुंच गया। जिसकी सूचना उन्होंने 112 नंबर को भी दे दी। कुछ देर बाद उन्हें हिसार की ओर से एक कैंटर आती हुई दिखाई दी। जिसको गोरक्षा दल की टीम के द्वारा रुकवा लिया गया, परंतु मौके देखते ही गाड़ी चालक गाड़ी को मौके पर छोड़कर वहां से फरार हो गया। जब गाड़ी की तलाशी ली गई तो गाड़ी में 12 गायों को ठूस-ठूस कर भरा हुआ था। बाद में गोरक्षा टीम पर सभी गायों को गऊ शाला छोड़ दिया गया। पुलिस ने कैंटर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वेस्ट बंगाल – पशु तस्करी मामले में सीबीआई (CBI) ने बांग्ला फिल्म स्टार अभिनेता और तृणमूल सांसद देव (TMC MP Dev) को नोटिस भेजा है. केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने देव को 15 फरवरी को पेश होने का आदेश दिया है.
गौ तस्करी (गौ तस्करी ) के मामले में नया मोड़ आया है. पशु तस्करी मामले में सीबीआई (CBI) ने बांग्ला फिल्म स्टार अभिनेता और तृणमूल सांसद देव (TMC MP Dev) को नोटिस भेजा है. केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने देव को 15 फरवरी को पेश होने का आदेश दिया है. प्राप्त जानकारी के अनुसार अभिनेता और सांसद को निजाम पैलेस स्थित सीबीआई कार्यालय का हाजिर होने का निर्देश दिया है. सूत्रों के मुताबिक, देव को का नाम गौ तस्कर इनामुल हक से जोड़ा गया है, जो पशु तस्करी मामले में एक दोषियों में से एक है. सीबीआई ने इस मामले में पूछताछ के लिए देव को नोटिस भेजा है. देव को नोटिस भेजने की सूचना के साथ ही टीएमसी में खलबली मच गई है. बता दें कि इसके पहले भी मवेशी तस्करी के मामले में टीएमसी नेताओं की मिलीभगत के आरोप लगते रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, पशु तस्करी से जुड़े एक मामले में उनसे 15 फरवरी को निजाम पैलेस स्थित सीबीआई कार्यालय में पूछताछ की जाएगी और उनके सभी बयान दर्ज किए जाएंगे. सीबीआई उनसे पूछताछ करेगी कि इस मामले में उनके पास क्या जानकारी है. सीबीआई के वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार अभिनेता देव ने 2017-18 में गौ तस्करी के मामले के मुख्य आरोपी इनामुल हक से कुछ लाख नकद और एक घड़ी सहित कई उपहार दिये थे. एनामुल होक ने सीबीआई को दिए एक बयान में यह बात कही थे. उस बयान के मुताबिक, देव को पूछताछ के लिए तलब किया गया है.
15 फरवरी को सुबह 11 बजे हाजिर होने का दिया निर्देश
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के अधिकारी इस बारे में और जानना चाहते हैं कि वह पशु तस्करी मामले के एक आरोपी इनामुल हक के संपर्क में कैसे आया, उसे इनामुल हक कैसे मिला, और जब वह उनसे परिचित हुआ. इसलिए उन्हें तलब किया गया है. अभिनेता एमपी देव को शुक्रवार सुबह 11 बजे तक निजाम पैलेस में मौजूद रहने को कहा गया है. सीबीआई सूत्रों ने बताया कि नोटिस पहले ही सांसद दीपक अधिकारी यानी देव के पास पहुंच चुका है.
मवेशी तस्करी में काले धन को सफेद करने का लगा है आरोप
कोयला व मवेशी तस्करी से की गई काली कमाई में करोड़ों रुपये के पुराने नोट शामिल थे, जिन्हें विभिन्न हथकंडे अपनाकर बड़े पैमाने पर सफेद किया गया था. मामले की जांच कर रही सीबीआइ ने यह महत्वपूर्ण खुलासा किया है. सीबीआइ ने बताया कि इसमें राज्य पुलिस के कई कर्मचारियों व व्यवसायियों का एक वर्ग शामिल था. फर्जी लेन-देन दिखाकर काले धन को व्यवसायियों के बैंक खातों में जमा करके उन्हें सफेद किया जाता था. 2016 में नोटबंदी के समय पुराने नोटों को गैरकानूनी तरीके से बदला गया.
TMC सांसद और बांग्ला फिल्म स्टार देव को गौ तस्करी मामले में CBI ने किया तलब
मंड्या के पीईएस कॉलेज में बी.कॉम दूसरे साल की छात्रा मुस्कान ने जिस तरह से अपने ख़िलाफ़ नारेबाज़ी करती हुई भीड़ का सामना किया उसने उन्हें डिफ़ेस का एक चेहरा बना दिया. अख़बार से बात करते हुए उन्होंने बताया कि उनके कॉलेज में उन्हें बुर्का पहनने और हिजाब पहनकर क्लास करने की इजाज़त है.पर्दा करना ये अपना अपना निजी मामला होता है। मगर इस मामले पर रजनीति करना सभी पार्टियों के लिए नए मुद्दों को सरगर्मी देने का नया हथियार बन गया है।
अंग्रेज़ी अख़बार इंडियन एक्सप्रेस ने कर्नाटक के कॉलेजों में चल रहे हिजाब विवाद पर रिपोर्ट छापी है. ये रिपोर्ट मंगलवार को कर्नाटक के दो अलग-अलग कॉलेजों में हुई घटनाओं को लेकर है रिपोर्ट के अनुसार कर्नाटक के मांड्या में एक हिजाब पहनने वाली छात्रा के ख़िलाफ़ भगवा गमछा-पाटा ओढ़े और उग्र नारेबाज़ी करता समूह एक लड़की का पीछा करता है, बदले में वो अकेली लड़की अपने पूरे दम से इस भीड़ का सामना करती है. संभव है कि ये वीडियो आपने देखा होगा. इस लड़की का कहना है कि उसे अपने सहपाठियों और कॉलेज के प्रिंसिपल का समर्थन मिला।
वहीं, कर्नाटक के दूसरे शहर उडुपी में, हिजाब पहनने वाली लड़कियों के ख़िलाफ़ भगवा गमछा पहनने वाले लोगों के उग्र प्रदर्शन के कारण एक कॉलेज प्रशासन ने सभी छात्रों को जल्द कैंपस खाली करने का आदेश दे दिया।
ये सारी घटनाएं चिंता का सबब है दो समूहों के बीच इस बंटवारे वाली तक़रार में ये कर्नाटक के दो स्कूलों की तस्वीर है, इन दो घटनाओं ने मंगलवार को राज्य के दो स्कूलों के दो अलग-अलग पक्षों का चेहरा दिखाया, जिसके बाद बिगड़ते हालात को देखते हुए कर्नाटक सरकार ने सभी हाईस्कूल और कॉलज़ों को तीन दिन के लिए बंद करने का फ़ैसला किया है।
वही कर्नाटक सरकार ने राज्य में हिजाब बनाम भगवा शॉल का मामला गर्माने के साथ ही प्री-यूनिवर्सिटी कॉलेजों में यूनिफॉर्म अनिवार्य करने का नया आदेश जारी कर दिया है यह आदेश कर्नाटक हाई कोर्ट में मामले को लेकर तीन दिन बाद फिर शुरू हो रही सुनवाई से पहले आया है। राज्य के कुछ कॉलेजों में मुस्लिम छात्राओं को हिजाब पहनने से रोके जाने के बाद हाई कोर्ट में दो याचिकाएं दायर की गई थीं. इनमें कहा गया था कि उन्हें हिजाब पहनने से नहीं रोका जा सकता है।
इस बात पर भी गौर किया जाना चाहिए कि घटना की वीडियो में नज़र आ रही घटना वाले दिन पर बात करते हुए पीड़ित मुस्कान कहती हैं, ” मैं असाइनमेंट जमा करने जा रही थी, मेरे कॉलेज में घुसने से पहले ही कुछ मुसलमान छात्राओं को हिजाब पहनने के कारण परेशान किया गया था, वो रो रही थीं. मैं यहां पढ़ने आती हूं, मेरा कॉलेज मुझे ये कपड़े पहनने की इजाज़त देता है. भीड़ में सिर्फ़ 10 फ़ीसदी छात्र मेरे कॉलेज के लोग थे, बाकी सब बाहरी लोग थे. जिस तरह से वे बर्ताव कर रहे थे उसने मुझे परेशान किया और मैंने उसका जवाब दिया.” अब यहाँ बाहरी लोग कौन थे क्या पुरे मामले को धार्मिक उन्माद का रंग देने की कोशिश की जा रही थी।
जहा केंद्र की मोदी सरकार सब का साथ सब का विकास की बात करते हुए राष्ट्र के नव निर्माण में लगी है वही आगामी चुनावो के मद्देनज़र सरकार को बदनाम करने की साज़िश भी हो सकती है।
अंग्रेज़ी अख़बार द हिंदू में छपी ख़बर के मुताबिक, हरियाणा मंत्रिमंडल ने मंगलवार को धर्मांतरण रोकथाम विधेयक, 2022 के मसौदे को मंज़ूरी दे दी, जिसके तहत बलपूर्वक, अनुचित तरीके, ज़बर्दस्ती, कपटपूर्ण तरीके से या शादी के लिए होने वाले धर्म परिवर्तन पर रोक लगेगी और ये ऐसा करना अपराध होगा.
अधिकारियों का कहना है कि विधेयक अब विधानसभा में पेश किया जाएगा.
मनोहर लाल खट्टर बोले- खुले में नमाज़ को क़तई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा गुरुग्राम में नमाज़ः मुसलमानों के लिए ये मामला कितना मुश्किल है? इस मसौदे में कहा गया है, ” संविधान प्रत्येक व्यक्ति को अपने धर्म को मानने, पालन करने और प्रचार करने का मौलिक अधिकार देता है. हालाँकि, धर्म की स्वतंत्रता के व्यक्तिगत अधिकार का मतलब सामूहिक धर्मांतरण का अधिकार नहीं हो सकता है, क्योंकि धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार धर्मांतरण करने वाले और परिवर्तित होने वाले में समान रूप से होना ज़रूरी है.
कई व्यक्तिगत और सामूहिक धर्मांतरण की घटनाएं सामने आ रही हैं. इन घटनाओं पर तेज़ बहस भी हो रही है. अन्य धर्मों के कमज़ोर वर्गों का धर्म परिवर्तित कराने के लिए एक छिपे हुए एजेंडे के साथ छद्म-सामाजिक संगठन भी मौजूद हैं. ऐसा भी देखा गया है कि भोले-भाले लोगों को प्रलोभन देकर या अनुचित प्रभाव, दबाव में लाकर धर्मांतरण किया गया है.”