‘ज्विगाटो’ की दमदार कहानी और परफॉर्मेंस की हो रही तारीफ
सोशल मीडिया पर यूजर्स कर रहे ‘ज्विगाटो’ की तारीफ
शहनाज गिल ने भी की ‘ज्विगाटो’ की तारीफ
मेरा संकल्प प्रदेश के सभी मदरसों पर ताला लगाने का है – असम के CM हिमंत सरमा
बेलगावी. असम (Assam) के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा (Himanta Biswa Sarma) ने एक बार फिर कांग्रेस और कम्युनिस्टों पर हमला बोला है. सीएम हिमंत बिस्वा ने मदरसों की बंद करने की अपनी मुहिम को एक बार फिर हवा देते हुए ऐलान किया है कि वह अब तक 600 से ज्यादा मदरसे (Madrasas) बंद कर चुके हैं. मेरा संकल्प प्रदेश के सभी मदरसों पर ताला लगाने का है. लोगों को शिक्षा के लिए मदरसे नहीं बल्कि स्कूल, कॉलेज और यूनिवर्सिटीज की दरकार है.
बांग्लादेशियों (Bangladesh) पर हमला बोलते हुए कहा कि ये लोग असम में आकर हमारी सभ्यता और संस्कृति को खतरा पैदा करते हैं. सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने कर्नाटक (Karnataka Assembly Election) के बेलगावी (Belagavi) में गुरुवार को भाजपा (BJP) की विजय संकल्प यात्रा (Vijay Sankalp Yatra) को संबोधित करते हुए यह सब कहा.
इस बीच देखा जाए तो असम सीएम ने 2020 में एक विवादास्पद कानून को पेश किया था. इस कानून के अंतर्गत सभी संचालित मदरसों को नियमित स्कूलों में तबदील करना था जोकि सामान्य शिक्षा देने का काम कर रहे हैं. जनवरी 2023 तक राज्य में पंजीकृत व अपंजीकृत मदरसों की संख्या 3,000 है.
बताते चलें कि इस साल संभवत: मई माह में कर्नाटक विधानसभा (Karnataka Assembly Election) के चुनाव होने जा रहे हैं. इन चुनावों के मद्देनजर कर्नाटक में भाजपा (BJP) के दिग्गज नेताओं ने डेरा डालना शुरू कर दिया है. लगातार जनसभाएं की जा रही हैं और जनता को लुभाने का प्रयास किया जा रहा है.
इंडिया टुडे में प्रकाशित खबर के मुताबिक सीएम हिमंत बिस्वा ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि वह आज की नई मुगल (Mughal) पार्टी है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस (Congress) दोबारा भारत को दुर्बल करने का काम कर रही है. पहले मुगलों ने देश को दुर्बल किया था. कांग्रेस आज की नई मुगल है. उन्होंने यह भी कहा कि जब राम मंदिर बनता है तो उनको आपत्ति होती है. उन्होंने कांग्रेस से सवाल भी पूछा कि क्या आप मुगल के बच्चे हैं?
सीएम ने मदरसों पर दो टूक कहा कि आज लोगों को मदरसों की नहीं स्कूल, कॉलेज और यूनिवर्सिटी की जरूरत है. लेकिन कांग्रेस और कम्युनिस्ट दिखाना चाहते हैं कि भारत का इतिहास बाबर, औरंगजेब और शाहजहां से है. उन्होंने कहा कि भारत का इतिहास मुस्लिम आक्रांताओं का से नहीं, बल्कि छत्रपति शिवाजी महाराज, गुरु गोबिंद सिंह से जाना जाता है.
उन्होंने इस बात को भी जोर शोर से उठाया कि औरंगजेब के शासन में दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर कभी भी नहीं थे. लेकिन साम्यवादी इतिहासकार यह दिखाने की कोशिश करते हैं कि पूरा भारत औरंगजेब के नियंत्रण में था. आज हमें एक नया इतिहास लिखने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि औरंगजेब हमारी ‘सनातन’ संस्कृति को नष्ट नहीं कर पाया. भारत आज ‘सनातन’ है और हिंदू है और रहेगा. यह सच नहीं था कि औरंगजेब ने पूरे भारत पर कब्जा कर लिया था.
असम सीएम ने कहा कि आज इस बात को गर्व के साथ कहा जाता है कि मैं मुस्लिम, ईसाई हूं और मुझे इससे कोई दिक्कत नहीं है. लेकिन हमें एक ऐसे व्यक्ति की जरूरत है जो गर्व से कह सके कि मैं हिंदू हूं. भारत को आज ऐसे व्यक्ति की जरूरत है. उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस के विपरीत भाजपा मंदिर बनाने में विश्वास रखती है, उसे तोड़ने में नहीं.
शिवसेना संकट: महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे सरकार को फिर से कैसे बहाल कर सकते हैं? सुप्रीम कोर्ट ने जताई हैरानी
नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को आश्चर्य जताया कि वह महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे सरकार को फिर से कैसे बहाल कर सकता है, जबकि उसे विश्वास मत हासिल करने की राज्यपाल की कार्रवाई अवैध लगती है. शीर्ष न्यायालय ने इस बात पर भी गौर किया कि पूर्व मुख्यमंत्री ने यह स्वीकार करते हुए कि वे अल्पमत में थे, शक्ति परीक्षण का सामना किए बिना ही इस्तीफा दे दिया था.
शिवसेना राजनीतिक संकट के मद्देनजर दायर याचिकाओं पर सुनवाई करने के दौरान पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ की अध्यक्षता करने वाले प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) न्यायमूर्ति डी. वाई. चंद्रचूड़ ने कहा, ‘यह (सरकार को बहाल करना) एक तार्किक बात होती, बशर्ते आप विधानसभा के पटल पर विश्वास मत खो देते। फिर आप निश्चित रूप से सत्ता से बेदखल हो जाते क्योंकि विश्वास मत आपके साथ नहीं रहता.’
सीजेआई ने कहा, ‘हमारी समस्या यह है कि बौद्धिक पहेली को देखें. ऐसा नहीं है कि राज्यपाल द्वारा गलत तरीके से तलब किए गए विश्वास मत के कारण आपको सत्ता से बेदखल किया गया है. आपने किसी भी कारण से इसे नहीं चुना, आप विश्वास मत का सामना नहीं करना चाहते थे…’ यह टिप्पणी तब आई जब ठाकरे समूह की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता ए एम सिंघवी ने पीठ से यथास्थिति बहाल करने का आग्रह किया. पीठ में जस्टिस एम आर शाह, जस्टिस कृष्ण मुरारी, हेमा कोहली और पी एस नरसिम्हा भी शामिल हैं.
ठाकरे गुट की ओर से पेश वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति डी. वाई. चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की पीठ से महाराष्ट्र के तत्कालीन राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी के जून 2022 के आदेश को रद्द करने का अनुरोध किया, जिसमें मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से विधानसभा में बहुमत साबित करने के लिए कहा गया था.
सिब्बल ने कहा, ‘मुझे पूरा यकीन है कि इस अदालत का हस्तक्षेप नहीं होने से हमारा लोकतंत्र खतरे में पड़ जाएगा क्योंकि किसी भी चुनी हुई सरकार को नहीं रहने दिया जाएगा. इसी उम्मीद के साथ मैं इस अदालत से इस अनुरोध को स्वीकार करते हुए (बहुमत परीक्षण) के आदेश को रद्द करने का आग्रह करता हूं.’ शीर्ष अदालत ने नौ दिनों तक दलीलें सुनने के बाद, महाराष्ट्र राजनीतिक संकट के संबंध में ठाकरे और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे समूहों की क्रॉस-याचिकाओं के बैच पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया.
इससे एक दिन पहले उच्चतम न्यायालय ने महज शिवसेना विधायकों के बीच मतभेद होने पर बहुमत परीक्षण का आदेश देने के लिए कोश्यारी के व्यवहार पर सवाल उठाए थे. न्यायालय ने बुधवार को कहा था कि राज्यपाल की ऐसी कार्रवाई से एक निर्वाचित सरकार गिर सकती है और किसी राज्य का राज्यपाल ऐसा नहीं चाहेगा.
दरअसल, 29 जून 2022 को महाराष्ट्र में राजनीतिक संकट चरम पर पहुंच गया था जब शीर्ष अदालत ने उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली 31 महीने पुरानी गठबंधन सरकार को बहुमत परीक्षण कराने के राज्यपाल के निर्देश पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था. ठाकरे ने हार को भांपते हुए मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया, जिसके बाद एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना-भाजपा सरकार बनी थी
यूट्यूबर मनीष कश्यप के खिलाफ वारंट जारी, 4 बैंक अकाउंट के 42 लाख रुपए फ्रीज
तमिलनाडु में काम कर रहे बिहारी मजदूरों को लेकर सोशल मीडिया पर भ्रामक वीडियो पोस्ट करने के मामले में यूट्यूबर मनीष कश्यप (Youtuber Manish Kashyap) की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं. बिहार (Bihar) की आर्थिक अपराध इकाई को यूट्यूबर मनीष कश्यप और युवराज सिंह का अरेस्ट वारंट मिल गया है. इसके अलावा आर्थिक अपराध इकाई को मनीष कश्यप उर्फ त्रिपुरारी कुमार तिवारी के खिलाफ वित्तीय अनियमितता के भी सबूत मिले हैं.
मनीष कश्यप के 4 बैंक अकाउंट फ्रीज
आर्थिक अपराध इकाई ने मनीष कश्यप के चार बैंक अकाउंट को फ्रीज किया है, जिसमें कुल 42 लाख रुपए हैं. पुलिस का दावा है कि मनीष कश्यप के खिलाफ वित्तीय अनियमितता के भी सबूत मिले हैं.
मनीष कश्यप के इन चार बैंक अकाउंट को फ्रीज किया गया है:
SBI के खाते में 3,37,496 रुपए
- IDFC BANK के खाते में 51,069 रुपए
- HDFC BANK के खाते में 3,37,463 रुपए
- SACHTAK Foundation के HDFC BANK के खाते में 34,85,909 रुपए
यूट्यूबर मनीष कश्यप और युवराज सिंह की गिरफ्तारी के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया है. बिहार पुलिस ने ट्वीट कर जानकारी दी है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अन्य राज्यों में भी छापेमारी की जा रही है.
गिरफ्तारी का फेक न्यूज
आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने मनीष कश्यप की गिरफ्तारी की गलत खबर प्रसारित करने के मामले में भी एक आरोपी को गिरफ्तार किया है. बता दें कि बीते दिनों मनीष कश्यप के नाम से संचालित ट्विटर हैंडल पर मनीष कश्यप की गिरफ्तारी की पुरानी तस्वीर पोस्ट की गई थी. इस पोस्ट को लेकर भ्रम फैलाने के आरोप में प्रशांत कुमार नाम के शख्स को (EOU) ने गिरफ्तार किया है. प्रशांत बक्सर के कृष्णाब्रह्मा थाने के बड़का ढकाइच का मूल निवासी है.
नैतिक शिक्षा से ही होगा सर्वांगीण विकास : भगवान भाई
जंडियाला गुरु। शिक्षा का मूल उद्देश्य है चरित्र का निर्माण करना, असत्य से सत्य की ओर ले जाना, बंधन से मुक्ति की ओर जाना, लेकिन आज की शिक्षा भौतिकता की ओर ले जा रही है। भौतिक शिक्षा से भौतिकता की प्राप्ति होती है और नैतिक शिक्षा से चरित्र बनता है। इसलिए वर्तमान के समय प्रमाण भौतिक शिक्षा के साथ साथ बच्चो को नैतिक शिक्षा की भी आवश्यकता है। उक्त वक्तव्य जंडियाला गुरु, पंजाब में माउंट आबू राजस्थान से प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के ब्रह्माकुमार भगवान भाई ने कहे। वे एस. ए. जैन सीनियर सेकंडरी स्कूल में छात्र, छात्राओं और शिक्षकों को जीवन में नैतिक शिक्षा का महत्व के विषय पर बोल रहे थे।
भगवान भाई ने कहा कि विद्यार्थियों को मुल्यांकन, आचरण, अनुकरण, लेखन, व्यवहारिक ज्ञान इत्यादि पर जोर देना होगा। वर्तमान समाज में मूल्यों की कमी हर समस्या का मूल कारण है। परीक्षा के समय अपनी सकारात्मक सोच रखें। परीक्षा का डर मन से निकालिए। समय का सदुपयोग करें। अपना हैंड रायटिंग अच्छा और स्पष्ट लिखें। किसी का कापी राइट ना करें, आत्मविश्वास से लिखें। उन्होंने बताया कि परोपकार, सेवाभाव, त्याग, उदारता, पवित्रता, सहनशीलता, नम्रता, धैर्यता, सत्यता, ईमानदारी आदि सद्गुण नहीं आते तब तक हमारी शिक्षा अधूरी है। शिक्षा एक बीज है और जीवन एक वृक्ष है। जब तक हमारे जीवन रूपी वृक्ष में गुण रूपी फल नहीं आते तब तक हमारी शिक्षा अधूरी है। समाज अमूर्त होता है और प्रेम, सद्भावना, भातृत्व, नैतिकता एवं मानवीय सद्गुणों से सचालित होता है।
उन्होंने कहा कि भौतिक शिक्षा से भौतिकता का विकास होगा और नैतिक शिक्षा से सर्वांगीण विकास होगा। नैतिक शिक्षा से ही हम अपने व्यक्तित्व का निर्माण करते हैं जो आगे चलकर कठिन परिस्थितियों का सामना करने का आत्मविवेक व आत्मबल प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि नैतिकता के अंग हैं, सच बोलना, चोरी न करना, अहिंसा, दूसरों के प्रति उदारता, शिष्टता, विनम्रता, सुशीलता आदि। नैतिक शिक्षा के अभाव के कारण ही आज जगत में अनुशासनहीनता, अपराध, नशा-व्यसन, क्रोध, झगड़े आपसी मन मुटाव बढ़ता जा रहा है।
डायरेक्टर सरदार जोगेंद्र सिंह ने कहा कि नैतिक शिक्षा ही मानव को ‘मानव’ बनाती है क्योंकि नैतिक गुणों के बल पर ही मनुष्य वंदनीय बनता है। सारी दुनिया में नैतिकता अर्थात सच्चरित्रता के बल पर ही धन-दौलत, सुख और वैभव की नींव खड़ी है।
प्रिन्सिपल श्रीमती सुनीता उपल ने भी अपना उद्बोधन देते हुए कहा कि नैतिक शिक्षा से ही छात्र-छात्राओं में सशक्तिकरण आ सकता है। उन्होंने आगे बताया कि नैतिकता के बिना जीवन अंधकार में है। नैतिक मूल्यों की कमी के कारण अज्ञानता, सामाजिक, कुरीतियां व्यसन, नशा, व्यभिचार आदि के कारण समाज पतन की ओर जाता है।
मैनेजर अम्रत सागर ने भी नैतिक शिक्षा के अभाव के कारण ही आज जगत में अनुशासनहीनता, अपराध, नशा-व्यसन, क्रोध, झगड़े आपसी मन मुटाव बढ़ता जा रहा है।
स्थानीय ब्रह्माकुमारी राजयोग सेवा केंद्र की बीके नर्मदा बहन ने कहा कि जब तक जीवन में आध्यात्मिकता नही है तब तक जीवन में नैतिकता नही आती है। आध्यात्मिकता की परिभाषा बताते हुए उन्होंने कहा कि स्वयं को जानना, परमपिता परमात्मा को जानना और उन्हें स्मरण करना ही आध्यात्मिकता है, जिसको राजयोग कहते हैं। राजयोग को अपनी दिनचर्या का अंग बनाने की अपील की गई।
कार्यक्रम की शुरुआत स्वागत से की गयी और अंत में बी के भगवान भाई ने मन की एकाग्रता बढाने हेतु राजयोग मेडिटेशन भी कराया।
चेयरमैन चंद्रभूषण जैन ने भी अपना उदबोधन देते हुए ब्रह्माकुमारी संस्था का विस्तार से परिचय दिया।
कार्यक्रम में खजांची संजीव जैन, बी के भूपेन्द्र सिंह, बी के राकेश कुमार, बी के आरती बहन आदि सभी शिक्षक व स्टाफ भी उपस्थित थे।
जॉनी लीवर की उपस्थिति में रिलीज हुआ ‘अजब तमाशा’ कॉमेडी फिल्म का ट्रेलर
मुम्बई। हाल ही में बॉलीवुड के प्रसिद्ध हास्य कलाकार जॉनी लीवर की उपस्थिति में कॉमेडी फिल्म ‘अजब तमाशा’ का ट्रेलर लॉन्च गोरेगांव पश्चिम स्थित हार्मोनी मॉल के अनमोल हॉल में किया गया। इस कार्यक्रम का संचालन आरिफ खान (जु. अनिल कपूर) ने जोशीले अंदाज में करते हुए सभी अतिथियों का जोरदार स्वागत किया।
उसी अवसर पर जॉनी लीवर, सुनील पाल, आरिफ खान (अनिल कपूर के हमशक्ल), गीतकार नितिन रायकवार, अकबर बिन तबर, जावेद हैदर, रितिक शर्मा (रितिक रोशन के हमशक्ल), रमेश गोयल, संजय बेड़िया, मुस्कान, रियाज इंडियन की उपस्थिति रही।
आपको बता दें कि इस फिल्म में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले अकबर बिन तबर हैदराबाद की फिल्मों में काम करते हैं। अब तक अकबर लगभग 100 फिल्मों में काम कर चुके हैं। जिन्में बॉलीवुड की फिल्म यशराज फिल्म के बैनर पर बनी ‘दावते इश्क’ में भी काम कर चुके हैं। इस फिल्म में वह हैदराबादी ऑटोचालक की भूमिका में थे। अब उनकी फिल्म ‘अजब तमाशा’ आने वाली है जो कि एक हिन्दी फिल्म है। इसकी शूटिंग हैदराबाद, रत्नागिरी और मुम्बई में हुई है। इस फिल्म के उनका किरदार एक नवाब का है जिसे उसके ही साथी बेवकुफ बनाते रहते हैं।
फिल्म के मुख्य कलाकार दिल्ली के रहने वाले रितिक शर्मा हैं जो बॉलीवुड अभिनेता रितिक रोशन के हमशक्ल हैं। फिल्म में वह भुलक्कड़ आदमी के किरदार में है और उनकी पत्नि उनकी मदद करती है। फिल्म की मुख्य अभिनेत्री तनुजा है। इस फिल्म में जावेद अली और अल्तमश फरीदी ने गाना गाया है। इस फिल्म में रहस्य, रोमांच, हास्य और मनोरंजन का बेजोड़ संयोग है। फिल्म में किन्नर रानी माँ की भूमिका भी बेहतरीन है।
– संतोष साहू
कैंसर को लेकर जागरूकता के लिए कैंथन मैराथन में एम एस बिट्टा, समीर वानखेड़े व नीलोत्पल मृणाल रहे उपस्थित
मुम्बई। कैंसर की रोकथाम के किए और इस भयंकर बीमारी को लेकर जागरूकता फैलाने के लिए मुंबई यूनिवर्सिटी कालीना में 12 मार्च 2023 को कैंथन मैराथन का आयोजन किया गया। इसका आयोजन समाजसेवी और नन्ही गूंज विकास फाउंडेशन के ट्रस्टी नीलोत्पल मृणाल द्वारा किया गया था जहां पूर्व एनसीबी हेड और आईआरएस समीर वानखेड़े, ऑल इंडिया एन्टी टेररिस्ट फ्रंट के चेयरमैन एम एस बिट्टा अतिथि के रूप मे उपस्थित थे। साथ ही एनएसजी और इंडियन आर्मी के अधिकारी भी उपस्थित रहे। इस अनोखे मैराथन में सभी मेहमानों और प्रतिभागियों ने आतंकवाद और ड्रग्स के विरुद्ध शपथ ली।
इस मैराथन में 26/11 हमले को नाकाम करने वाले एनएसजी कमांडोज, भारतीय सेना, पुलिस, दिव्यांग और आम आदमी शामिल हुए। खास बात यह है कि इस मैराथन में दिव्यांगों ने भी व्हीलचेयर पर बैठकर दौड़ लगाई जो लोगों को हौसला देने के लिए काफी था।
नीलोत्पल मृणाल ने कहा कि कैंसर से पीड़ित व्यक्ति पूरे जीवन में अपने और अपने परिवार के लिए चिंतित रहता है। इस बीमारी की रोकथाम के किए ज़रूरी है कि हम जागरूक रहें और इस सिलसिले में अवेरनेस फैलाने के लिए कैंथन मैराथन एक ऐसा ही आयोजन है जो समाज और लोगों में जागरूकता लाएगा। इस मैराथन में बड़ी संख्या में सेना के जवान, एनएसजी के कमांडोज, स्टूडेंट्स और दिव्यांगजन शामिल हुए।
बता दें कि नीलोत्पल मृणाल का हमेशा से ये प्रयास रहा है कि एक स्वस्थ समाज की स्थापना हो, इसके लिए वह ऐसे अनेक काम पूरे भारत में करते रहते हैं।
इससे पहले नीलोत्पल मृणाल ने लाखों पेड़ पौधे लगाये हैं, दिव्यांग को रोज़गार दिलवाया है, बाढ़ पीड़ितों की मदद की है। देश मे आपसी सौहार्द बना रहे इस दिशा में उन्होंने कई कार्य किए हैं।
एमएस बिट्टा ने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को आतंकवाद के खिलाफ और आईआरएस अधिकारी समीर वानखेड़े ने ड्रग्स के खिलाफ शपथ दिलाई।
नीलोत्पल मृणाल का यह प्रयास है कि समाज के तमाम वर्ग के लोगों को एक साथ लाया जाए तो आप सब आगे आइये और मिलकर हम नीलोत्पल मृणाल की इस नेक मुहिम का समर्थन दें।
गौरतलब है कि नीलोत्पल मृणाल एक दिव्यांग हैं मगर दूसरे को दौड़ता देख कर उन्हें लगता है कि वह ख़ुद दौड़ रहे हैं। इसलिए वह हर साल मैराथन का आयोजन करते हैं।
बता दें कि वर्ष 2014 में स्थापित नन्ही गूंज नीलोत्पल मृणाल द्वारा स्थापित एक फाउंडेशन है। यह फाउंडेशन उन वंचित बच्चों, अनाथों और दिव्यांग व्यक्तियों की अनसुनी और छोटी आवाजों के लिए बनाया गया है जो मदद मांग रहे हैं। आजकल के व्यस्त लाइफस्टाइल और व्यस्त दिनचर्या के कारण ये आवाजें अनसुनी हो जाती हैं, नन्ही गूंज इन सभी आवाजों को सुनने और उनके बचाव में उनकी मदद करने के लिए आगे आने का हौसला रखती है।
रंगपंचमी के उपलक्ष्य पर राज्य स्तरीय ऑनलाइन काव्य गोष्ठी सम्पन्न
दुर्ग। संकेत साहित्य समिति रायपुर, कोरबा एवं बिलासपुर के संयुक्त तत्वावधान में समिति के संस्थापक एवं प्रांतीय अध्यक्ष डॉ माणिक विश्वकर्मा ‘नवरंग’ के मार्गदर्शन में होली एवं रंगपंचमी के उपलक्ष्य में होली के विविध रंग विषयक राज्य स्तरीय ऑनलाइन काव्य गोष्ठी का आयोजन सम्पन्न हुआ। जिसमें पूरे राज्य के रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, दुर्ग, भिलाई, रायगढ़, कोरिया, सक्ति, बलौदा बाजार, कबीरधाम, खैरागढ़, बेमेतरा, बालोद, सरगुजा आदि जिले के चालीस से अधिक कवियों एवं कवयित्रियों ने विविध विधाओं पर आधारित काव्य रस बरसाया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भाषाविद और राजभाषा आयोग के पूर्व अध्यक्ष डॉ. विनय कुमार पाठक (बिलासपुर), अध्यक्षता भाषाविद, वरिष्ठ गीतकार एवं संगीतकार डॉ चितरंजन कर (रायपुर) और विशिष्ट अतिथिगण के रूप में वरिष्ठ साहित्यकार विजय राठौर (जांजगीर), बाल साहित्यकार बलदाऊ राम साहू (दुर्ग), वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. पीसी लाल यादव (गंडई) तथा मो. यूनुस दनियालपुरी (कोरबा) उपस्थित रहे। आरंभ में जीतेन्द्र वर्मा खैरझिटिया ने माँ शारदे की वंदना के साथ कार्यक्रम का आगाज़ किया। प्रेस क्लब कोरबा के संरक्षक, एसीएन न्यूज़ कोरबा के प्रधान संपादक तथा संकेत साहित्य समिति कोरबा इकाई के अध्यक्ष कमलेश यादव ने स्वागत उद्बोधन एवं संकेत के संस्थापक डॉ. माणिक विश्वकर्मा ‘नवरंग’ समिति के गठन से लेकर उसकी काव्य यात्रा पर विस्तार से प्रकाश डाला। मुख्य अतिथि की आसंदी से बोलते हुए डॉ. विनय कुमार पाठक ने काव्य गोष्ठी में पढ़ी गईं रचनाओं को स्तरीय निरुपित करते हुए इसे संकेत का अद्भुत आयोजन है, कहा। अध्यक्षता कर रहे डॉ. चितरंजन कर ने बारह मास मनुष्य के अंदर होते हैं बशर्ते उनको जीना आना चाहिये कहते हुए आया- फागुन, फागुन आया, चलो प्रेम के गीत लिखें गीत का सस्वर पाठ किया। वरिष्ठ साहित्यकार विजय राठौर ने बयालीस वर्षों तक संकेत साहित्य समिति को अनवरत गति देने के लिए संस्थापक को बधाई दिया एवं समीचीन रोचक दोहे सुनाया। वरिष्ठ बाल साहित्यकार बलदाऊ राम साहू ने होली त्योहार के एकता एवं भाईचारा फैलाने वाले पक्ष कै उज़ागर किया और अपनी रचना के माध्यम से आवाहन किया कि हम भी तो नवरंग बन जाएँ होली में। छंदकार जीतेन्द्र वर्मा खैरझिटिया के कुशल संचालन में जिन रचनाकारों ने काव्य गोष्ठी में शिरकत की उनमें डॉ विनय कुमार पाठक, डॉ. चितरंजन कर, विजयकुमार राठौर, बलदाऊ राम साहू, पीसी लाल यादव, डॉ माणिक विश्वकर्मा नवरंग, यूनुस दानियाल पुरी, कमलेश यादव, डॉ. दीनदयाल साहू, राकेश खरे, जयदीप खरे, अरुण कुमार यदु, श्रवण चोरनले, दिलीप अग्रवाल, कृष्ण कुमार चन्द्रा, राजेश नितिन वस्त्रकार, राजकुमार चौधरी, ग्यानू दास मानिकपुरी, गुलशन कुमारी प्रद्युम्न, अंजना सिंह, संतोष मिरी, राजेश कुमार सोनार, असित वरुण दास, गार्गी चटर्जी, ओ.पी भट्ट, कविता जैन, गिरधारी लाल चौहान, कमलेश्वर साहू, मंजुला श्रीवास्तव, गीता साहू, सुचि भवि, वेदराम जाटवर, प्रभात, अर्चना, वर्षा यादव, रामकृष्ण, नेहा खरे, नेहा ठेठवार, सतीश खरे, प्रमोद कुमार आदित्य, अतीफ, पोखनलाल जायसवाल आदि के नाम प्रमुख हैं।कार्यक्रम के अंत में समिति की ओर डॉ. दीनदयाल साहू ने आमंत्रित अतिथियों एवं श्रोताओं के प्रति आभार व्यक्त किया। आजादी के नायक पुस्तक के संपादक दीनदयाल साहू (हरिभूमि के संपादक) भी इस कार्यक्रम में उपस्थित थे। दुग्ध महासंघ छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष आनंद शर्मा भी उपस्थित थे।
कार्यक्रम की शुरुआत रज एकत्रित कर रज वंदन कर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय विजय राम नायक के शताब्दी जयंती का कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। विजय राम नायक के जीवन पर आधारित उनकी पुस्तक आजादी के नायक कृति विमोचन हुआ। आजादी के नायक लेखन डॉक्टर मुक्ति राजेश बैस के द्वारा किया गया है। उनके जीवन पर प्रकाश डालते हुए मुख्य अतिथि विजय बघेल (दुर्ग लोकसभा सांसद) द्वारा उनके साथ बिताए हुए स्मरणीय को भाव विभोर होकर व्यक्त किया गया और बहुत ही हर्ष के साथ उनके जीवन प्रकाश डालें।
अध्यक्षता धरसीवा विधायक अनीता योगेंद्र शर्मा द्वारा स्वतंत्रता संग्राम सेनानी को अपने धरसीवा क्षेत्र का गौरव बताएं साथ ही उन्होंने कहा कि मुझे यह अवसर पर उपस्थित होना अपने आपको गौरवान्वित महसूस हो रही है। उनके परिवार के द्वारा पूर्व माध्यमिक शाला अखरा पारा में स्थित स्कूल को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी विजय राम नायक के नाम पर किए जाने का प्रस्ताव रखा। जिला ग्रामीण युवा अध्यक्ष अभिनेश कश्यप ने भी उनके जीवन पर प्रकाश डाले। सेनानी उत्तराधिकारी परिवार के अध्यक्ष मुरली मनोहर खंडेलवाल ने भी सेनानी के जीवन पर प्रकाश डाले। जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती डोमेश्वरी वर्मा, पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल भी उपस्थित थे। साथ ही साथ गांव के और अन्य स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को भी शहादत दी गई। शताब्दी जयंती के अवसर पर देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति लोक गायिका रमा दत्त जोशी की टीम एवं जाने-माने भरथरी गायिका रेखा जल छतरी के द्वारा लोक गीतों की प्रस्तुति का कार्यक्रम हुआ।
सुनील नायक के द्वारा सभी अतिथियों एवं स्वतंत्रता संग्राम उत्तराधिकारी एवं गणमान्य नागरिकों का आभार प्रदर्शन किया गया।
अजय देवगन ने मुंबई से भोला यात्रा को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना
अजय देवगन का भोला ट्रक भारत के 9 शहरों में रोड ट्रिप पर जा रहा है, जो मज़ेदार गतिविधियों और एंटरटेनमेंट के साथ बना रहा है वन-स्टॉप भोला हब!
मुम्बई। अजय देवगन की एक्शन एडवेंचर भोला के ट्रेलर ने देश में एक आंधी ला दी है। जबरदस्त एक्शन दृश्यों के साथ एड्रेनालाईन-पम्पिंग टीज़र को दिखाते हुए, ट्रेलर ने हमें भोला की यात्रा और उसके बाद होने वाले पागलपन के बारे में एक अंदाज़ा दे दिया है।
मेकर्स ने इस ख़ास भोला यात्रा की घोषणा करके यह सुनिश्चित करने के लिए एक अनोखा आइडिया निकाला है जिससे भोला की दुनिया जन-जन तक पहुंच जाए। भोला के ट्रक को सभी चीजों के लिए वन-स्टॉप डेस्टिनेशन बनाने के लिए पूरे भारत में 9 शहरों की यात्रा पर भेजा जा रहा है। शामिल शहरों में ठाणे, सूरत, अहमदाबाद, उदयपुर, जयपुर, गुरुग्राम, दिल्ली, कानपुर और लखनऊ हैं।
भोला के ट्रक को हर एक शहर में एक प्रसिद्ध जगह पर रखा जाएगा और शहरों के लोगों के लिए एक मस्ती भरी शाम का आयोजन भी किया जाएगा। भोला का ट्रेलर देखें, विशेष गतिविधियों में हिस्सा लें और जिससे आप भोला के प्रोडक्ट भी जीत सकते हैं।
भोला ट्रक को 11 मार्च को मुंबई से अजय देवगन ने एक प्रोग्राम में हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जहां उन्होंने दुलारी से मिलवाया और लोगों को ट्रक की यात्रा करने और भोला यात्रा का भाग बनने के लिए बढ़ावा दिया।
भोला 30 मार्च 2023 को देश विदेश में रिलीज़ के लिए तैयार है।









