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कैलाश खेर की महाआरती ‘जय श्री महाकाल’ का लोकार्पण प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी करेंगे

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विश्वविख्यात सिंगर कैलाश खेर भारतीय शास्त्रीय संगीत की शक्ति और इसकी सदियों पुरानी विरासत के प्रचार व प्रसार हेतु आज के युवाओं के लिए एक आध्यात्मिक भेंट महाआरती ‘जय श्री महाकाल’ लाये हैं। यह आध्यात्मिक भेंट है जो धीरे-धीरे श्रोताओं को अपनी जड़ों की ओर वापस जाने, अपने परिवारों और सुंदर परंपराओं के साथ फिर से जुड़ने की याद दिलाता है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे वास्तव में कौन हैं।  ‘जय श्री महाकाल’, आध्यात्मिक गीत रोमांचित करेगा, श्रोताओं को प्रेरित करेगा और भारतीय संस्कृति के बारे में अधिक जानने के लिए जिज्ञासा को प्रज्वलित करेगा। यह श्रोताओं के दिलों और दिमागों में ज्ञान और सच्चाई के दीपक जलाएगा ताकि वे अपने भीतर की अंधकार की शक्तियों को दूर कर सकें और अपनी सहज प्रतिभा और अच्छाई को चमकने दें। कैलाश खेर माननीय प्रधान मंत्री के संयुक्त प्रयासों और मध्य प्रदेश उज्जैन स्मार्ट सिटी, मध्य प्रदेश संस्कृति / पर्यटन विभाग, उज्जैन महाकाल मंदिर ट्रस्ट उज्जैन के प्रयास को संगीतमय समर्थन देते हैं, जो शहर को फिर से जीवंत करने के लिए किया जा रहा है, जो आगे महाकाल शहर की पौराणिक कथाओं का प्रतिनिधित्व करता है।

क्षिप्रा नदी के तट पर बसा उज्जैन शहर और देवताओं के वास को ‘जय श्री महाकाल’ में गीत व संगीत के जरिये खूबसूरती से प्रदर्शित किया गया है।

कैलाश खेर की नवीनतम प्रस्तुति “जय श्री महाकाल” के ऑडियो और वीडियो का लोकार्पण प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी के द्वारा पूरे देश वासियों के लिए 11 अक्टूबर को किया जाएगा।

‘जय श्री महाकाल’ की विस्तृत चर्चा करते हुए कैलाश खेर कहते हैं “भारत की आध्यात्मिक संपदा और पौराणिक कथाएं बहुत समृद्ध और विशेष हैं। इस युग में, “जय श्री महाकाल, हमारी संस्कृति का जिक्र करना मनोरंजन के साथ-साथ आज के जीवन में एक महत्वपूर्ण आवश्यकता है। भारत में बारह ज्योतिर्लिंग हैं, लेकिन किसी को समर्पित स्तुति का कोई गीत नहीं है। मैं बचपन से ही शिव का उपासक हूं, भोलेनाथ ने ही मुझे अध्यात्म के माध्यम से संगीत में भेजा है। महाकाल पर लिखना, गाना, संगीत बनाना, जप करना किसी तपस्या से कम नहीं है, क्योंकि महादेव बचपन से ही मेरे खून में बहते हैं, जब भी मैं उनकी महिमा को गाना चाहता हूँ तो मैं बस अपने दिल में झांकता हूं, अर्थात ध्यानी होकर, समाधि में रहकर .. और सब कुछ बहता है। शिव स्वयं ध्वनि की तरह बहने लगते हैं”

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

लंपी पीडित गौ माता की रक्षा के लिए प्रार्थना सभा हुई, गौ माता की सेवा का लिया संकल्प

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अलवर. गौ सेवा और गौ रक्षा के संकल्प के साथ राजस्थान पत्रिका की पहल पर सोमवार को प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के तिजारा फाटक स्थित सभागार में आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस अवसर पर सामूहिक रूप से प्रार्थना सभा आयोजित कर लंपी पीडित गौ माता के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की गई। इसके साथ ही लंपी से पीडित गौ माता को गोद लेने और उसकी हर संभव सेवा करने का संकल्प भी लिया गया। इस अवसर पर जिला स्तरीय लंपी वार्ड के इंचार्ज और पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ विमल कुमार ने कहा कि लंपी बीमारी का सामना करने के लिए जन सहभागिता बढ़ाई जाए। गऊओं के प्रति हम संवेदनशील बने और जहां कहीं भी गाय को खराब स्थिति में देखें तो उसको उचित स्थान पर पहुंचा कर उसके इलाज और देखभाल का प्रबंध करें।

एक श्रेष्ठ सतयुगी संसार गऊ के बिना साकार नहीं होगाब्रह्माकुमारी केंद्र संचालिका राजयोगिनी बी.के. ममता दीदी ने गौ माता की आत्मा की शांति और सुखद स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना और मंगल कामना करवाई। उन्होंने भारतीय सनातन संस्कृति में गाय के योगदान पर भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि किसी मनुष्य के जीवन में जो महत्व उसकी मां का होता है, वह महत्व गौ का होता है। गऊओं की प्रेम भाव से की गई सेवा का फल अवश्य प्राप्त होता है। घर में जो रोटी बनती है उसमें पहली रोटी गाय के लिए हमेशा निकाली जाए। अपने तन, मन, धन, समय और शक्ति गऊओं के प्रति यदि हम देंगे तो गौ माता की रक्षा हो सकती हैं। एक श्रेष्ठ सतयुगी संसार गऊ के बिना साकार नहीं हो सकता। गाय संकट में है तो सारी जीव सृष्टि संकट में है। मन के शुभ संकल्प से एक मनसा यज्ञ करें और गऊओं के संवर्धन के लिए सभी योगदान दें। इस अवसर पर सार्वजनिक गौशाला समिति रेलवे स्टेशन के प्रतिनिधि की ओर से गौ माता को गोद लेने के लिए आवेदन भी दिए गए।

प्रार्थना में ये हुए शामिल

 

इस अवसर पर वार्ड नंबर 56 के पार्षद हेतराम यादव, गायत्री परिवार के वरिष्ठ सदस्य सतीश सारस्वत, राजकीय विधि महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य बाबू लाल यादव , नगर परिषद में नेता प्रतिपक्ष सतीश यादव, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी जितेंद्र गोयल, सरस्वती सेवा संस्थान से संयोजक, कुश कौशिक, पहल सेवा संस्थान के संयोजक मनोज चौहान, भाजयुमो महामंत्री चतर सिंह गुर्जर, भाजपा शहर अध्यक्ष मनोज शर्मा,भारतीय जनता पार्टी के मीडिया प्रभारी, बी.के. अनुभा, बी.के. सरिता , परमार्थ दिव्यांग संस्थान के सचिव प्रताप सिंह व सदस्य इंद्रजीत सिंह व अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

Cow Economy – गौ-मूत्र से निर्मित उत्पाद से कृषकों एवं स्वसहायता समूहों की आय में हो रही वृद्धि

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बेमेतरा / रायपुर , 11 अक्टूबर (हि.स.)। छत्तीसगढ़ शासन की फ्लैगशिप योजना नरवा, गरुवा, घुरुवा, बाड़ी योजनांतर्गत गौ-मूत्र क्रय एवं इससे निर्मित उत्पाद से कृषकों एवं स्वसहायता समूहों की आय में वृद्धि हो रही है।

बेमेतरा जिला के गौठान मौहाभाठा एवं गौठान ओडिया विकासखण्ड साजा में 20 जुलाई 2022 को गौ-मूत्र क्रय प्रारंभ किया गया है। इस योजना में स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा गांव के कृषकों से गौ-मूत्र क्रय किया जा रहा है। गौ-मूत्र उत्पाद के विपणन का कार्य कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की सहायता से की जा रही है। क्रयित गौ-मूत्र से स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा जीवमृत व कीटनाशक निर्माण कर विक्रय से हजारों रुपये की आमदनी अर्जित कर रही है, जो कि जिलें के लिये एक नयी एवं प्रेरणादायक पहल है। उक्त जानकारी डॉ. राजेन्द्र भगत, उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवायें जिला बेमेतरा द्वारा दी गई।

ओड़िया में कुल 1071 लीलटर गौ-मूत्र क्रय किया गया एवं 525 लीलटर कीटनाशक एवं 400 लीलटर जीवमृत उत्पाद बनाया गया है, इसी प्रकार गौठान मौहाभाठा में 576 लीलटर गौ-मूत्र क्रय किया गया जिससे 288 लीलटर कीटनाशक तैयार किया गया है। गौ-मूत्र उत्पाद जीवमृत को पंचायत विभाग द्वारा वृक्षारोपण कार्यक्रम के लिए क्रय किया गया एवं   कीटनाशक को चारागाह विकास कार्यक्रम के लिए स्व-सहायता समूह द्वारा क्रय किया गया तथा कृषि विभाग द्वारा कीटनाशक क्रय किया जा रहा है। वर्तमान में कुल 813 लीलटर ब्रम्हास्त्र (कीटनाशक) एवं 400 लीलटर जीवमृत (वृद्धिवर्धक) गौ-मूत्र उत्पाद निर्मित किया गया है। जिसका विक्रय स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा 50 रुपये प्रति लीटर की दर से कीटनाशक को व 40 रुपये प्रति लीटर की दर से किया जा रहा है जिससे अतिरिक्त आमदनी अर्जित हो रही है।

एशिया टुडे रिसर्च और मीडिया एक्नॉलेज्ड द्वारा प्राईड आफ नेशन अवॉर्ड 2022 के विजेताओं का सम्मान

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पद्मभूषण गायक उदित नारायण, अभिनेत्री व राजनीतिज्ञ जयाप्रदा, अभिनेता कबीर बेदी और अन्य द प्राईड आफ नेशन अवॉर्ड 2022 से हुए सम्मानित

मुम्बई। महानगर के नरीमन पॉइंट में स्थित होटल ट्रिडेंट में 7 अक्टूबर के दिन एशिया टूडे रिसर्च एंड मीडिया ने एक अनूठे अवार्ड ‘प्राइड ऑफ नेशन 2022’ का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में उन सभी व्यक्तियों को सम्मानित किया गया जिन्होंने अपने जीवन में देश सहित विश्व में किसी भी जगह देश को गौरवान्वित करने वाले कार्य किये हों। इस कार्यक्रम में अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले, राज्य और देशहित में विशेष योगदान देने वाले चुनिंदा व्यक्ति और संगठन को सम्मानित किया गया। ‘प्राइड ऑफ नेशन अवार्ड्स 2022’ उन व्यक्ति विशेष या संगठनों को सम्मानित करने का एक प्रयास है जिन्होंने अपने स्वयं के क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और देश को गौरवान्वित किया।
‘प्राइड ऑफ नेशन अवार्ड्स’ की स्थापना का अनूठा उद्देश्य ऐसे लोगों को प्रेरित करना या उनका समर्थन करना है जिन्होंने अपने संबंधित क्षेत्रों में असाधारण प्रतिभा का प्रदर्शन किया है।
‘प्राइड ऑफ नेशन अवार्ड्स’ एकमात्र ऐसा आयोजन है जहाँ हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त किए भारतीयों को सम्मानित किया जाता है। जैसे कि कला, मनोरंजन, सामाजिक कार्य, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, व्यवसाय, राजनीति, संगीत, खेल, वन्यजीव और पर्यावरण संरक्षण आदि क्षेत्रों में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले विशेष व्यक्ति और संगठन को आगे लाया जाता है और सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन कर ऐसे ही आगे प्रेरक कार्य करते रहने के लिए प्रेरित करता है।
इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र के राज्यपाल भगतसिंह कोशियारी, रामदास अठावले (सामाजिक न्याय और अधिकारिता राज्य मंत्री, भारत सरकार) और राहुल नार्वेकर (महाराष्ट्र विधान परिषद के प्रवक्ता) उपस्थित रहे।
इस पुरस्कार वितरण समारोह में राज्यपाल ने संबोधन दिया कि यह कार्यक्रम है, किसी व्यक्ति या संगठन की कड़ी मेहनत को प्रस्तुत करने के लिए यह सबसे अच्छा स्थान है। एशिया टुडे ने हममें से प्रत्येक को एक अवसर प्रदान किया है, ताकि सभी प्रतिभागी विवादास्पद दुनिया से दूर अपने प्रयासों के लिए पुरस्कारों का आनंद प्राप्त कर सकें।
एशिया टुडे रिसर्च एंड मीडिया के सीईओ प्रदीप चौधरी हैं। यह एक गतिशील विश्वव्यापी मीडिया और विश्लेषणात्मक संगठन है जो अनुसंधान, विश्लेषण और रेटिंग सेवाएं प्रदान करता है। इस कंपनी के द्वारा अत्याधुनिक बाजार अनुसंधान, मूल्यांकन और विश्लेषण की सुविधा देने की पेशकश सभी प्रकार के उद्यमों के लिए उपलब्ध है।
पुरस्कृत कुछ व्यक्तियों और संगठनों की सूची में उदित नारायण, जयाप्रदा, कबीर बेदी, अनिल कुमार (अंकिता ओवरसीज), नारायण गोयनका (ऑरसन रेजिन एंड कोटिंग्स प्राइवेट लिमिटेड), डॉ संदीप भालसिंग (जीआई-वन हॉस्पिटल), दीप्तिमान चटर्जी (भारतीय फैशन), शैलेश डालमिया (एन. एल. डालमिया हाई स्कूल), डॉ. आर्चिस नेर्लिकर (नेर्लिकर अस्पताल), चंद्रशेखर पुचा (इनोकॉर्प उरेथेनेस), वी.के. कृष्णकुमार (रोलिंग इंडस्ट्रीज), डॉ. अभिजीत पी. ​​वाडेकर (पी.ई.एस. कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग), समीर दत्तानी (सनातन टेक्सटाइल्स लिमिटेड), डॉ अरविंद पंडित खरात (पैरामेडिकल साइंस ऑफ इंडिया परिषद, मेदिनोवा प्रशिक्षण संस्थान, पैरामेडिकल काउंसिल ऑफ महाराष्ट्र), डॉ समीर श्याम कुलकर्णी (कुलकर्णी मेडिकल फाउंडेशन पिरामिड अस्पताल), डॉ जीवन भावलाल राजपूत (जेजे प्लस अस्पताल और न्यूरॉन इंटरनेशनल), डॉ. बी. लोंढे (अमृतवाहिनी प्रबंधन और व्यवसाय प्रशासन संस्थान), श्रीमती स्वाति बिरमाने (विद्या निकेतन हाई स्कूल), डॉ रवींद्र परांकर (आर वी पारांकर कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी), दिलीप शिंदे (विशाल रबर टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड), बापूराव राठौड़ (राजीव गांधी पॉलिटेक्निक उदगीर), अभिजीत भगवानराव मोकाशी (दादासाहेब मोकाशी संस्थान), द्विपायन पटनायक (स्टार्क रिज पेपर प्राइवेट लिमिटेड), शरीफ ए थिम, डॉ एन के राणा (थीम कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग), डॉ अनिरुद्ध भोसले (सलाहकार लीवर प्रत्यारोपण और एचपीबी सर्जन), डॉ राजेश पी धारिया (आर्थोपेडिक सर्जन) का नाम प्रमुख है।

Shiv Sena Symbol Freeze: अपने खेमे के नेताओं के साथ शिंदे ने की बैठक, पार्टी के चुनाव चिन्ह पर हुई चर्चा

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मुंबई,  अब शिवसेना के दोनों धड़ों के लिए चुनावी नाम और चुनाव चिन्ह को फ्रीज करने का क्या मतलब है? क्या वे लड़ाई हार गए हैं या लड़ाई अभी शुरू हुई है। “नए गुट के पास बहुत कुछ दांव पर नहीं है। एक प्रतीक फ्रीज का मतलब यह नहीं है कि उद्धव ठाकरे ने सब कुछ खो दिया है। भाजपा और शिंदे गुट यह भ्रम पैदा कर रहे हैं। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने अलग-अलग प्रतीकों के साथ दो लोकसभा चुनाव जीते थे। उन्होंने नए चुनाव चिह्न के साथ 350 से अधिक सीटें जीती थीं।’

यह सोशल मीडिया की पीढ़ी है। प्रतीकों का प्रचार करना मुश्किल नहीं है। शिवसेना के मूल धड़े को बालासाहेब ठाकरे के नाम पर वोट मिलते हैं, जो लोग बालासाहेब या उद्धव को वोट देना चाहते हैं, वे चुनाव चिन्ह की परवाह किए बिना उन्हें वोट देंगे।”

इस बीच एकनाथ शिंदे ने शाम को अपने समूह के नेताओं की बैठक की। इस बैठक में पार्टी के चुनाव चिन्ह और नाम पर चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक शिंदे खेमे ने अपने शिवसेना गुट के चुनाव चिन्ह के लिए दो विकल्पों पर चर्चा की है। उद्योग मंत्री उदय सामंत ने अपने देर शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “यह हमारे लिए सदमा है क्योंकि चुनाव आयोग ने खुद ही प्रतीक चिन्ह को फ्रीज कर दिया है।

जैसा कि उन्होंने प्रस्तुत किया, सुझाव है कि वे इस सब के साथ तैयार हो सकते हैं। हम उम्मीद कर रहे हैं कि हमें धनुष और तीर मिलेगा। प्रमुख मंत्री एकनाथ शिंदे जल्द ही चुनाव चिन्ह के बारे में निर्णय लेंगे। उन्होंने यह भी दावा किया कि ठाकरे गुट के कारण प्रतीक जम गया क्योंकि उन्होंने पूरी प्रक्रिया में देरी की।

मुलायम सिंह आपातकाल के दौरान थे लोकतंत्र के लिए प्रमुख सैनिक -पीएम मोदी

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नई दिल्ली, । उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव का 82 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। मुलायाम सिंह ने सोमवार सुबह 8:15 मिनट पर अंतिम सांस ली। इस दुखद खबर का जानकारी देते हुए अखिलेश यादव ने कहा ‘मेरे आदरणीय पिता जी और सबके नेता जी नहीं रहे।’ मुलायम सिंह यादव पिछले कई दिनों से दिल्ली के मेदांता अस्पताल में भर्ती थे। उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह के निधन पर पीएम मोदी ने गहरा दुख व्यक्त किया। पीएम मोदी ने मुलायम सिंह से जुड़ी कई यादें ट्विटर पर साझा की है।

पीएम मोदी ने कहा, ‘मुलायम सिंह यादव जी एक विलक्षण व्यक्तित्व के धनी थे। उन्हें एक विनम्र और जमीन से जुड़े नेता के रूप में व्यापक रूप से सराहा गया, जो लोगों की समस्याओं के प्रति संवेदनशील थे। उन्होंने लगन से लोगों की सेवा की और लोकनायक जेपी और डॉक्टर लोहिया के आदर्शों को लोकप्रिय बनाने के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया।

रक्षा मंत्री के रूप में उन्होंने किया मजबूत काम

एक दूसरे ट्वीट में पीएम मोदी ने कहा कि मुलायम सिंह यादव जी ने यूपी और राष्ट्रीय राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई। वह आपातकाल के दौरान लोकतंत्र के लिए एक प्रमुख सैनिक थे। रक्षा मंत्री के रूप में उन्होंने एक मजबूत भारत के लिए काम किया। उनके संसदीय हस्तक्षेप व्यावहारिक थे और राष्ट्रीय हित को आगे बढ़ाने पर जोर देते थे।

पीएम मोदी ने कहा कि जब हमने अपने-अपने राज्यों के मुख्यमंत्रियों के रूप में काम किया, तब मुलायम सिंह यादव जी के साथ मेरी कई बातचीत हुई। हम दोनों की घनिष्ठता जारी रही और मैं हमेशा उनके विचारों को सुनने के लिए उत्सुक रहता था। उनका निधन मुझे पीड़ा देता है। उनके परिवार और लाखों समर्थकों के प्रति संवेदना हैं। ओम् शांति।

मुलायम सिंह का निधन बेहद पीड़ादायक: राजनाथ

केंद्रीय रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि मुलायम सिंह यादव जी जमीन से जुड़े एक ऐसे नेता थे जिन्होंने कई दशकों तक उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक प्रमुख भूमिका निभाई। अपने लम्बे सार्वजनिक जीवन में उन्होंने अनेक पदों पर काम किया और देश, समाज एवं प्रदेश के विकास में अपना योगदान दिया। उनका निधन बेहद पीड़ादायक है।

जमीन से जुड़े जननेता के रूप में किए जाएंगे याद: अमित शाह

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि दुख की इस घड़ी में उनके परिजनों व समर्थकों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करता हूं। ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें। साथ ही उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव जी अपने अद्वितीय राजनीतिक कौशल से दशकों तक राजनीति में सक्रिय रहे। आपातकाल में उन्होंने लोकतंत्र की पुनर्स्थापना के लिए बुलंद आवाज उठाई। वह सदैव एक जमीन से जुड़े जननेता के रूप में याद किए जाएंगे। उनका निधन भारतीय राजनीति के एक युग का अंत है।

नहीं रहे मुलायम सिंह यादव, 82 वर्ष की आयु में दुनिया को कहा अलविदा

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नई दिल्ली, एजेंसी । उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के सरंक्षक    मुलायम सिंह यादव का 82 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में आज (10 अक्टूबर) सुबह 8:15 बजे उन्होंने आखिरी सांसें लीं। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने निधन की पुष्टि करते हुए कहा, मेरे आदरणीय पिजा जी और सबके नेता जी नहीं रहे। मुलायम सिंह यादव को 22 अगस्त को सांस लेने में तकलीफ और लो ब्लड प्रेशर की शिकायत के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनकी तबीयत में सुधार नहीं हो रहा था और 1 अक्टूबर की रात को आईसीयू में शिफ्ट किया गया था, जहां एक डॉक्टरो का पैनल उनका इलाज कर रहा था।

मुलायम सिंह यादव के निधन पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दी श्रद्धांजलि

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के नेता मुलायम सिंह यादव के निधन पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्वीट कर संवेदना व्यक्त की।

गृह मंत्री अमित शाह ने मुलायम सिंह यादव के निधन पर ट्वीट कर संवेदना व्यक्त की

गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के नेता मुलायम सिंह यादव के निधन पर ट्वीट कर संवेदना व्यक्त की। अमित शाह ने ट्वीट कर कहा- मुलायम सिंह यादव जी अपने अद्वितीय राजनीतिक कौशल से दशकों तक राजनीति में सक्रिय रहे। आपातकाल में उन्होंने लोकतंत्र की पुनर्स्थापना के लिए बुलंद आवाज उठाई। वह सदैव एक जमीन से जुड़े जननेता के रूप में याद किए जाएँगे। उनका निधन भारतीय राजनीति के एक युग का अंत है।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मुलायम सिंह यादव को बताया जमीनी नेता

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिग्गज नेता मुलायम सिंह यादव के निधन पर जताया दुख, राजनाथ सिंह ने ट्वीट कर कहा- श्री मुलायम सिंह यादव जी ज़मीन से जुड़े एक ऐसे नेता थे जिन्होंने कई दशकों तक उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक प्रमुख भूमिका निभाई। अपने लम्बे सार्वजनिक जीवन में उन्होंने अनेक पदों पर काम किया और देश, समाज एवं प्रदेश के विकास में अपना योगदान दिया। उनका निधन बेहद पीड़ादायक है।

अखिलेश यादव ने ट्वीट कर दी जानकारी

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने ट्वीट कर अपने पिता के निधन की पुष्टि की है।

पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव का सोमवार सुबह हुआ निधन

समाजवादी पार्टी के संरक्षक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव का सोमवार सुबह निधन हो गया। वह 82 वर्ष के थे। उनका इलाज गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में चल रहा था।

सामूहिक प्रयासों से समाज और देश का विकास होता है :भय्याजी जोशी

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राजेश झा

मुंबई ९ अक्टूबर। किसी भी समाज और देश की उन्नति के लिए सभी को अपने दायित्व और भूमिका का निर्वहन करना होता है ,किसी एक की भूमिका के कारण समाज और देश आगे नहीं बढ़ता। विकास को गति देने के लिए ज्ञान,साधन,श्रम तथा उद्यम करने वाले साहसी व्यक्तियों की आवश्यकता होती है और यह हमारा सौभाग्य है कि हमारे देश में ये चारों तत्व सदैव विद्यमान रहे हैं। आज उद्योग जगत और आर्थिक क्षेत्र में अपनी प्रतिभाओं के बल पर हम अब पीछे नहीं रहे। इससे यह बात भी ध्यान में आती है कि ज्ञानी लोग – संसाधन संपन्न समूह -श्रमिक वर्ग और उद्यमी लोग सामूहिक रूप से अपने कौशल तथा आपस में समन्वयव को और प्रगाढ़तर करेंगे तो उन्नति ‘अधिक गाढ़ा’ होती जाएगी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरकार्यवाह सुरेश ‘भय्याजी’ जोशी ने सुभाषचंद्र बोस मिलिट्री एकेडमी की स्थापना के सम्बन्ध में आहूत संगोष्ठी को सम्बोधित करते हुए ये बातें कहीं। उल्लेखनीय है कि संघ के पूर्व सरकार्यवाह का पद वहन के पश्चात्, वर्तमान में भय्याजी जोशी संघ के “अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य” हैं।

श्री जोशी ने कहा कि हमारे देश को प्रकृति ने भरपूर वरदान दिया है। इसकी सीमाओं की सुरक्षा के लिए एक ओर हिमालय जैसे प्रहरी और दूसरी ओर दुर्भेद्य समद्रों का उपहार भारत को मिला है। इसके अतिरिक्त संतुलित जलवायु ,नित्य औसतन तीन -चार घंटे सूर्य का प्रखर प्रकाश ,लगभग एक सामान दिन और रात हमें मिले हैं। हमारी मिट्टी उपजाऊ है ,सभी प्रकार के खनिज पदार्थ हमें मिले हैं। हिमालय की नदियों को भारत भूमि पर लाकर इसको सुजलम -सुफलाम -शस्य श्यामलं धरती बनानेवाले भगीरथ जैसे अनगिनत पुरुषार्थी हमारे पूर्वज हैं। हमारे समाज के अधिकाँश लोगों के मन निर्मल हैं और हमारी संस्कृति शत्रु के भी जीवन की कामना रखते हुए प्रार्थना करती है ‘शत्रु बुद्धि विनाशाय’ न कि ‘शत्रु विनाशाय’ । हमारी अर्थव्यवस्था गृह एवं कुटीर उद्योग बाहुल्य की रही है। आज हमें वैश्विक प्रतियोगिताओं में विजय के लिए बड़े -बड़े उद्योगों की श्रृंखला की आवश्यकता है।यह सभी के सामूहिक प्रयासों से ही होगा।

श्री भय्याजी जोशी ने बताया कि भारत की श्रमशक्ति अतुलनीय है , हमारे श्रमिकों ने अन्य देशों को भी संवारा है । १९४७ के बाद पांच युद्ध हमें लड़ने पड़े जिनमें १९६२ को छोड़ शेष सभी लड़ाइयां हमने साधनविहीनता के बाद भी जीतीं तो यह हमारे सैनिकों की कुशलता और निष्ठा का परिणाम है। आपने कहा -‘हमें आर्थिक – सामाजिक क्षेत्रों में भी विदेशी शक्तियों से प्रतिस्पर्धा करनी है ,सीमा पर जाकर शत्रु से संघर्ष करने के लिए कुशल सैनिकों की भी आवश्यकता है’।अपने ही समाज की कुछ कमियों के कारण हिन्दू से कुछ लोग अतीत में अलग हुए और आज उन्हीं कारणों को उभारकर हिन्दुविरोधी शक्तियां पुनः कन्वर्जन में लगी हैं। इससे समाज में असुरक्षा बढ़ रही है। समाज को सुरक्षित रखने के लिए प्रयास होना चाहिए। देश के प्रत्येक जिले में सुभाषचंद्र बोस मिलिट्री एकेडमी बनानी चाहिए। इससे पूरे समाज पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेंगे और सबके विकास की रचना बनेगी। इसके लिए सभी लोग अपनी -अपनी भूमिका का निर्बाह करेंगे।

सुभाषचंद्र बोस मिलिट्री एकेडमी की स्थापना के सम्बन्ध में आहूत इस कार्यक्रम का प्रारम्भ दीप प्रज्ज्वलन से श्री भय्याजी जोशी , श्री सुरेश बागरिया एवं श्री यशवंत चौधरी ने किया। विषय रखते हुए श्री बागरिया ने कन्वर्जन और हिन्दुओं को क्षति पहुंचाने के लिए कम्युनिस्टों के षड्यंत्रों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हमें भी सोशियो इकोनॉमिक फैक्टर्स पर ध्यान देना होगा। उनके सम्बोधन के बाद नेताजी सुभाषचंद्र अकेडमी और दादरानागर हवेली के शाश्वत विकास की रूपरेखा प्रस्तुत की गयी उसके बाद परिचर्चा हुई।श्री हिरेन व्यास ,श्री यशवंत चौधरी ,श्री मंजी भाई प्रेम भाई ,श्री निर्मल कुमार भुटानी , श्रीसुरेश चीलरका , श्रीविशाल ,श्रीअतुल शाह ,श्रीआर के नायर ,श्रीसंदीप सिंह , श्रीअजीत यादव आदि ने वनवासी क्षेत्रों में कुपोषण -कनवर्जन -अकर्मण्यता एवं जागरूकता जैसे विन्दुओं पर प्रकाश डाला। श्रीसुरेश बागरिया ने समस्याओं के समाधान में उद्योगपतियों की भूमिका का वर्णन करते हुए पालघर जिले के ७५ गाँवों का उदाहरण दिया जहां चल रहे समाजसेवा कार्यों के कारण ४० गाँवों को पेयजल उपलब्ध कराया जा चुका है, ५० गाँवों को कुपोषणमुक्त कराया जा चुका है। उन्होने कहा कि २०२५ तक पालघर जिले के सभी ७५ गांव आदर्श गांव के रूप में विकसित हो जाएंगे। इस अवसर पर श्री शेषनाथ ने एकल गान प्रस्तुत किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन श्रीबागरिया ने किया। इसका समापन शांति गीत से हुआ।

मादक पदार्थों की तस्करी और राष्ट्रीय सुरक्षा’ पर पूर्वोत्तर राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ गृह मंत्री अमित शाह की बैठक

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New Delhi (GBB) – केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने आज गुवाहाटी, असम में ‘मादक पदार्थों की तस्करी और राष्ट्रीय सुरक्षा’ पर सभी पूर्वोत्तर राज्यों के मुख्यमंत्रियों, मुख्य सचिवों और पुलिस महानिदेशकों के साथ बैठक की अध्यक्षता की। इसमें पूर्वोत्तर क्षेत्र में मादक पदार्थों के परिदृश्य और इसे कम करने के तरीकों पर चर्चा की गई। बैठक में केंद्रीय गृह सचिव, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के महानिदेशक और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए।

बैठक में श्री अमित शाह ने कहा कि ड्रग्स की तस्करी का प्रचार-प्रसार किसी भी समाज के लिए बहुत घातक होता है। किसी आतंकी घटना का नुकसान सीमित मात्रा में होता है लेकिन समाज में ड्रग्स का प्रसार पीढ़ियों को बर्बाद कर देता है। वह दीमक की तरह हमारे समाज और देश की युवा शक्ति को खोखला करने का काम करता है।

उन्होने कहा कि आज़ादी के अमृत महोत्सव में गृह मंत्रालय ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के‘नशा-मुक्त भारत के आह्वान को अपना दृढ़ संकल्प बनाने का फैसला किया है। गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में भारत सरकार ने मादक पदार्थों, ड्रग तस्करी की‘डर्टी मनी और‘संगठित माफिया द्वारा देश के अर्थतंत्र और राष्ट्रीय सुरक्षा को नुकसान पहुँचाने की हर कोशिश को नाकाम करने के लिए जीरो टोलरेंस की नीति अपनाई है।

केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गृह मंत्रालय मादक पदार्थो के खतरे को रोकने के लिए कटिबद्ध है। मादक पदार्थों के खिलाफ विशेष अभियान के तहत आज पूरे पूर्वोत्तर में लगभग 40 हज़ार किलोग्राम मादक पदार्थों को नष्ट किया गया। श्री शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में आज़ादी के अमृत महोत्सव के दौरान 75 हज़ार किलोग्राम मादक पदार्थों को नष्ट करने का लक्ष्य रखा गया था लेकिन अब तक कुल डेढ़ लाख किलोग्राम से ज़्यादा मादक पदार्थों को नष्ट किया जा चुका है, जो लक्ष्य के दोगुने से भी अधिक है।

श्री अमित शाह ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी एक सीमारहित अपराध है और इससे निपटने के लिए सभी ड्रग लॉ एनफोर्समेंट और इंटेलिजेंस एजेंसियों के साथ-साथ पूर्वोत्तर के सभी राज्यों के सीमावर्ती ज़िलों के बीच बेहतर समन्वय और सामंजस्य बहुत जरूरी है। उन्होने कहा कि पिछले वर्षों में गृह मंत्रालय ने राष्ट्रीय स्तर पर यह सुनिश्चित किया है कि प्रधानमंत्री जी के दृढ़ नेतृत्व में नारकोटिक्स प्रतिबन्ध कानूनों और नियमों का सख्ती से क्रियान्वयन हो। साथ ही इसमें  आधुनिक तकनीक का उपयोग हो और सभी एजेंसियों में समन्वय स्थपित किया जाये।

गृह मंत्री ने कहा कि देश में नशीले पदार्थों की आपूर्ति नेटवर्क को ध्वस्त करने की रणनीति की सफलता के अल्पावधि में ही परिणाम दिखाई दे रहे हैं। उन्होने कहा कि 2014 के बाद मादक पदार्थो की पकड़ और जब्ती इसका प्रमाण है। श्री शाह ने बताया कि 2006-2013 के बीच कुल 1257 मामले दर्ज़ किए गए थे जो 2014-2022 के बीच 152 प्रतिशत बढ़कर 3172 हो गए। इसी अवधि में कुल गिरफ्तारी की संख्या 1362 के मुक़ाबले 260 प्रतिशत बढ़कर 4888 हो गई। 2006-2013 के दौरान 1.52 लाख किलोग्राम ड्रग्स जब्त की गई थी जो 2014-2022 के बीच दोगुना बढ़कर 3.30 लाख किलोग्राम हो गई। 2006-2013 के दरम्यान 768 करोड़ रुपये मूल्य की ड्रग्स जब्त की गई थी जो 2014-2022 के बीच 25 गुना बढ़ोतरी के साथ 20 हज़ार करोड़ रुपये हो गई।

Mission 2024: लोकसभा चुनाव की तैयारियों में अभी से जुटी भाजपा, 144 सीटों को लेकर ये है BJP का मेगा प्लान

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नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क।  लोकसभा चुनाव 2024 (Lok Sabha Election 2024) में अभी दो साल से ज्‍यादा का समय है, लेकिन भाजपा अभी से तैयारियों में जुट गई है। भाजपा ने मिशन 2024 का खाका तैयार कर लिया है और तय किया है कि पिछले लोकसभा चुनाव में उसे जिन सीटों पर हार मिली थीं, वहां पर पीएम मोदी की मेगा रैलियों का आयोजन किया जाएगा।

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक पार्टी ने ऐसी 144 सीटें चिह्नित की हैं, जहां पर 2019 के पिछले लोकसभा चुनाव में भाजपा दूसरे या तीसरे नंबर पर आई थी। पार्टी अपने मिशन को लेकर काफी गंभीर है और सभी मंत्रियों को इन सीटों की जिम्‍मेदारी पहले ही दे दी गई है।

अमित शाह भी करेंगे इन सीटों का दौरा

गृह मंत्री अमित शाह ने पिछली समीक्षा बैठक में कई मंत्रियों को इन सीटों का दौरा न करने के लिए क्लास लगाई थी। इन सीटों को भाजपा अगले चुनाव में जीतना चाहती है ताकि मौजूदा सीटों पर नुकसान की भरपाई हो सके।मंत्रियों के प्रवास के बाद अब गृह मंत्री अमित शाह भी देश भर में ऐसी सीटों का दौरा कर रहे हैं। वहीं तीसरे चरण में खुद पीएम मोदी प्रचार की कमान संभालेंगे और इन सीटों पर उनकी विशाल रैलियां कराने का फैसला किया गया है।