केंद्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला Har GharTiranga अभियान में शामिल हुए
“आओ मिलकर आजादी का उत्सव मनाएं,
एकता के प्रतीक के साथ देशभक्ति के रंग में रंग जाएं”आज मेरे गांव ईश्वरिया में #HarGharTiranga अभियान अंतर्गत भाजपा अमरेली तालुका द्वारा आयोजित भव्य तिरंगा यात्रा में शामिल होने का अवसर मिला। pic.twitter.com/9xsejdT44A
— Parshottam Rupala (@PRupala) August 13, 2022
नई दिल्ली – आज़ादी का अमृत महोत्सव भारत की आज़ादी के 75 वर्ष पूरे होने और यहां के लोगों, संस्कृति और उपलब्धियों के गौरवशाली इतिहास को याद करने और जश्न मनाने के लिए किया जा रहा है। इसी शृंखला के तहत आज़ादी के 75 वे अमृत महोत्सव के शुभ अवसर पर भारत सरकार के ‘मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय केंद्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला ने अपने गृह नगर ( गांव ईश्वरिया ) में #HarGharTiranga अभियान के अंतर्गत भाजपा अमरेली तालुका द्वारा आयोजित भव्य तिरंगा यात्रा में शामिल हुए। जहां उनका भव्य स्वागत किया गया।
ज्ञात हो कि श्री पुरुषोत्तम रूपाला का जन्म गुजरात के अमरेली के ईश्वरिया गांव में हुआ है। वह अपने भाषणों में अक्सर मजाकिया लहजे और स्थानीय भाषा के शब्दों के प्रयोग के लिए जाने जाते हैं। वह हमेशा पारंपरिक कपड़े पहनते है। सन 1991 में यही से पुरुषोत्तम रूपाला पहली बार अमरेली से विधायक के तौर पर चुने गए थे।
#HarGharTiranga अभियान में श्री पुरुषोत्तम रूपाला के साथ स्थानीय समुदाय के हर वर्ग के लोगो के साथ साथ बच्चों ने भी बढ़ चढ़ भाग लिया और इस अभियान को सफल किया।

डॉ.एपीजे अब्दुल कलाम के लीड इंडिया फाउंडेशन ने देश के 111 राष्ट्रीय स्तंभ में से एक घोषित कर सम्मानित किया डॉ अनुषा श्रीनिवासन अय्यर को
लीड इंडिया फाउंडेशन के द्वारा मुम्बई में आयोजित एक भव्य समारोह में फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. हरि कृष्ण मरम ने 111 मिनट की अवधि में आईएएस, आईपीएस, आईआरएस, आईएफएस, केएएस अधिकारियों, फिल्म हस्तियों, उद्योग जगत के नेताओं, एनजीओ नेताओं और खेल हस्तियों सहित 111 पावर वुमन को सम्मानित करके वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड बनाया। इस क्रम में लीड इंडिया फाउंडेशन द्वारा देश के 111 राष्ट्रीय स्तंभ में से एक घोषित कर समतावादी पृथ्वी योद्धा डॉ अनुषा श्रीनिवासन अय्यर को सम्मानित किया गया। अनुषा श्रीनिवासन अय्यर ने सामाजिक, पर्यावरण के साथ-साथ सांस्कृतिक कारणों के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं के लिए भी सम्मान अर्जित किया है।
उसी के लिए, उन्हें 2019 में लाइफ्स रियल हीरोज अवार्ड्स ऑफ़ इंडिया के विजेता के रूप में कई पुरस्कार, प्रशंसा और मान्यताएँ मिली हैं, द इकोनॉमिक टाइम्स आइकन अवार्ड फॉर स्ट्रेटेजिक ब्रैंडमेकर और सोशल एंटरप्रेन्योरशिप, द इकोनॉमिक टाइम्स द्वारा ईटी राइजिंग इंडियन के रूप में स्वीकृति, मिड-डे आइकन अवार्ड्स, फोर्ब्स इंडिया द्वारा ‘ब्रांड रणनीति की रानी’ के रूप में नामित किया गया। वह अंतर्राष्ट्रीय महिला उत्कृष्टता अधिकारिता पुरस्कार, राष्ट्रीय उत्कृष्टता पुरस्कार, महिला प्रभाव पुरस्कार, पीपुल्स एक्सीलेंस अवार्ड, इंस्पायर अवार्ड, दादासाहेब फाल्के फिल्म फाउंडेशन अवार्ड, मैं हूं बेटी अवार्ड, समाज रत्न पुरस्कार, दादा साहेब गोल्डन कैमरा अवार्ड की प्राप्तकर्ता भी हैं।
आइकॉनिक अचीवर्स अवार्ड, हरियाणा गरिमा अवार्ड, परफेक्ट वुमन अचीवर्स अवार्ड, कर्मिक अवार्ड्स, गुरुग्राम अचीवर्स अवार्ड, समग्र विज्ञान के राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन में समतावादी पृथ्वी योद्धा पुरस्कार, और एम आई टी, पुणे द्वारा उनकी सामाजिक चेतना के लिए सम्मानित किया गया है और श्री स्वामी समर्थ अन्नक्षेत्र ट्रस्ट, अक्कलकोट द्वारा राष्ट्रीय कल्याण पुरस्कार से भी नवाज़ा गया है।
डॉ. अनुषा श्रीनिवासन अय्यर का संगठन, मेक अर्थ ग्रीन अगेन मेगा फाउंडेशन ग्रह की रक्षा के लिए प्रयासरत है। मानव जाति के कारण पर्यावरणीय क्षति को दूर करने के मिशन के साथ। वह, अपने असंख्य तरीकों से, न केवल पृथ्वी को हरे रंग में रंगती है, बल्कि युवाओं को भी इसके लिए खड़े होने के लिए प्रेरित और प्रेरित करती हैं। समान विचारधारा वाले जिम्मेदार व्यक्तियों, पर्यावरण कार्यकर्ताओं और संगठनों को एक साथ लाने में उत्प्रेरक के रूप में काम करते हुए, अनुषा नागरिक कल्याण के लिए सरकार और उसके मंत्रालयों के साथ मिलकर काम करती है।
वह आदिवासी कल्याण, वरिष्ठ नागरिक सुरक्षा, एसिड अटैक पीड़ितों के पुनर्वास और लैंगिक समानता, एलजीबीटीक्यू सशक्तिकरण, स्ट्रीट चिल्ड्रेन वेलफेयर, कॉन्क्लेव में भागीदारी और प्रेरणादायक वार्ता, एक कारण और युवाओं के साथ फिल्म निर्माण के मुद्दों पर अपने रुख के लिए भी जानी जाती हैं। अपने काम के मोर्चे पर, अनुषा श्रीनिवासन अय्यर वर्तमान में नारद पीआर एंड इमेज स्ट्रैटेजिस्ट्स की प्रबंध निदेशक हैं, जो भारत के प्रमुख पीआर, ब्रांड स्ट्रेटेजिज़ेशन और इमेज मैनेजमेंट एजेंसी में से एक हैं, इसके अलावा सम्मानित अभिनेताओं के ब्रांड कस्टोडियन भी हैं।
एक फायरब्रांड पत्रकार के रूप में जानी जाने वाली डॉ. अनुषा श्रीनिवासन अय्यर वेदांत अभिनीत बाल श्रम, आशा और खुशी पर उनकी फिल्म ‘सारे सपने अपने हैं’ के साथ वैश्विक पुरस्कार विजेता लेखक-निर्देशक के रूप में भी चर्चा में हैं।
सिद्धांत गिल और कृष्णवेनी श्रीनिवासन और रामचंद्रन श्रीनिवासन द्वारा निर्मित, इस फिल्म ने 120 से अधिक पुरस्कार जीते और यह फिल्म 150 से अधिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय फिल्म समारोहों में प्रदर्शित होने के बाद फिल्म समीक्षकों द्वारा काफी सराही गई है।
भारत के पूर्व राष्ट्रपति डॉ एपीजे अब्दुल कलाम द्वारा स्थापित लीड इंडिया फाउंडेशन अपने स्थापना काल से ही राष्ट्र विकास के लिए परिवर्तन की दृष्टि के साथ सामाजिक प्रेरणादायक कार्यों से जुड़ी महिलाओं को सम्मानित कर इस सहस्राब्दी में बदलाव लाकर अपने नाम पर खरा उतर रहा है।
दिव्यांगजनों के लिए समर्थनम ट्रस्ट ने किया रोजगार मेला का आयोजन
मुम्बई। पिछले दिनों समर्थनम ट्रस्ट द्वारा एनसीएससी एटीआई कैम्पस, चूनाभट्टी, मुम्बई में एक रोजगार मेला का आयोजन सम्पन्न हुआ। जिसमें मुम्बई, ठाणे, पालघर, नवी मुंबई के 163 दिव्यांगजनों ने भाग लिया। उसमें से 30 उम्मीदवार का चयन हुआ और 60 उम्मीदवार को शॉर्टलिस्ट किया गया।

इस जॉब फेयर के माध्यम से दिव्यांगों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सफल प्रयास किया जा रहा है। नौकरी मिलने से उनके जीवन को नई दिशा मिलेगी और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगी।
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती शिरीन लोखंडे (एडिशनल लेबर कमिश्नर), एस के कुशवाहा (एचओओ, एनसीएससी, वीआरसी), सतीश के (पैन इंडिया प्लेसमेंट हेड), चंद्रशेखर (पैन इंडिया प्रोग्राम हेड) उपस्थित रहे।
गौ रक्षकों (Cow Protectors) को जो आज़ादी मिली है वो नहीं मिलनी चाहिए – ओवैसी
हैदराबाद के जलसा कार्यक्रम में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ने अपने भाषण के दौरान कहा कि भारत में अगर सब से ज़्यादा किसी की बेइज्जती की जाती है तो वो मुसलमान है. भारत में सबसे ज़्यादा ग़ैर महफ़ूज़ मुसलमान है. उन्होंने कहा कि देश में गौ रक्षकों (Cow Protectors) को जो आज़ादी मिली है वो नहीं मिलनी चाहिए. हम उम्मीद करते है की प्रधानमंत्री अपने लाल क़िले के भाषण में मुल्क के मजलूमो का ज़िक्र करेंगे.
ओवैसी ने भाषण के दौरान कहा कि इतिहास में मुसलमानों का योगदान किसी और से कम नहीं है, हमें साथ मिलकर आजादी का जश्न मनाना है. उन्होंने कहा कि हमारे देश को आजादी तो मिल गई है लेकिन आज भी गरीबी से छुटकारा नहीं पाया जा सका है. आज भी देश में किसानों की आय कम है.
ओवैसी ने कहा कि हमारे लिए आजादी का मतलब कतई नहीं कि गौरक्षकों को कुछ भी करने की आजादी मिल जाए. आज देश में अगर कोई सबसे पिछड़ा है तो मुसलमान है. उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि चीन ने आज हमारे 100 sq km पर कबजा कर लिया है लेकिन कोई आवाज उठाने वाला नहीं है. सब मिलकर रहेंगे तभी इस देश का विकास होगा लोग खुशहाल होंगे.
नगरसेविका सुनीता राजेश मेहता द्वारा रविवार को भव्य तिरंगा रैली का आयोजन
मुम्बई – भारत की आज़ादी के 75 वे अमृत महोत्सव शुभ अवसर पर वीले पार्ले विधानसभा वॉर्ड क्रमांक ७० की नगरसेविका सुनीता राजेश मेहता द्वारा एक भव्य तिरंगा रैली का आयोजन दिनाँक १४ अगस्त रविवार के दिन किया गया है। यह रैली शॉपर स्टॉप से शुरू हो कर वीले पार्ले रेलवे स्टेशन , गुलमोहर रोड , इर्ला सिंग्नल , बजाज रोड , डीजे रोड , पोंड गौठान , इर्ला सोसायटी रोड होते हुए शास्त्री नगर पर ख़त्म होगी।
इस रैली में देश भक्ति गीतों , के साथ लेझिम , भारतीय नृत्य इत्यादि सांस्कृतिक कार्यक्रमों को शामिल किया गया है। इस कार्यक्रम में सांसद पूनम महाजन , विधायक पराग अलवणी , विधायक अमित साटम आदि की उपस्थिति रहेगी। रैली में १००० से ज्यादा लोगो के भाग लेने की संभावना है।
इस रैली के अतिरिक्त नगरसेविका सुनीता राजेश मेहता ने एक गीत भी जारी किया है जो लोगो को काफी पसंद आ रहा है।
छत्तीसगढ़ – क्रूरता की हदें पार, गाय का मुँह बाँध लाठियों से पीटा
छत्तीसगढ़ सरकार जहाँ गौ संरक्षण की बात करती हैँ,असल सच्चाई देखिये मुख्यमंत्री जी हसौद पुल जांजगीर चांपा जिला की घटना हैँ जहाँ गौमाता को बोरी मे बांध के नहर मे फेका जा रहा हैँ और प्रशासन हाथ धरे हैँ,@ChhattisgarhCMO @bhupeshbaghel @ArunSao3 @aajtak @BJP4CGState @OPChoud92334801 pic.twitter.com/VfrH1dg2MT
— KEDAR NATH SAHU (@kedarnathsahu02) August 11, 2022
छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा में एक गोवंश के साथ कुछ लोगों की बेरहमी का वीडियो वायरल हुआ है। इस वीडियो में गाय का मुँह बोरी से बाँध कर उसको बुरी तरह से पीटा गया है। बाद में उस गाय को अधमरी हालत में चारों पैर बाँध कर नदी में फेंक दिया गया। इस घटना का वीडियो आरोपितों ने खुद ही बनाया था जिनके खिलाफ मंदिर हसौद थाने में FIR दर्ज हुई है। इस घटना में पुलिस ने 3 नामजद आरोपितों के खिलाफ FIR दर्ज कर के 2 आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना गुरुवार (11 अगस्त 2022) सुबह की बताई जा रही है।
वायरल वीडियो में नदी में फेंका गया गौवंश कुछ देर तैरने का प्रयास करता है लेकिन पैर बँधे होने के कारण बाद में वह डूब गया। वीडियो में घटनास्थल पर लगभग 10 आरोपित दिखाई दे रहे हैं। उनके हाथों में डंडे भी दिखाई दे रहे हैं। घटना एक सड़क पर बने पुल की है जिस से लोग आ जा रहे हैं।
वहीं इस वीडियो के वायरल होने के बाद भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा ने आरोपितों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई। शिकायत के मुताबिक, “गाँव लालमाटी से बहने वाली सोन नदी में आपराधिक तत्वों ने गौ माता के चारों पैरों को रस्सी और मुँह को बोरे से बाँध कर जीवित ही फेंक दिया। इसमें घटना में राहुल खुंटे, कमल किशेर खुंटे, किरन जाटवर और कुलदीप आदि मुख्य रूप से शामिल हैं। आरोपितों ने लोगों में डर फैलाने के लिए इसका वीडियो भी बना डाला।”
शिकायत में पुलिस ने सभी आरोपितों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की माँग की गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस शिकायत पर हसौद थाने पर FIR दर्ज हो गई है। पुलिस ने किरण जाटवर, कमल किशोर और राहुल कुट्टे के खिलाफ IPC की धारा 429, छत्तीसगढ़ पशु संरक्षण अधिनियम 2044 की धारा 4/10/11 और पशु क्रूरता अधिनियम की धारा 11 के तहत FIR दर्ज किया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक आरोपित किरण जाटवर और राहुल खुटे को गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं फरार आरोपित कमल किशोर खुटे की तलाश की जा रही है। पुलिस के मुताबिक वीडियो में दिख रहे बाकी अन्य आरोपित भी चिन्हित किए जा रहे हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपितों ने गायों द्वारा अपनी फसलों को खाने से नाराज हो कर इस घटना को अंजाम दिया था।
भारत की आज़ादी के 75 वे अमृत महोत्सव पर गायिका मधुश्री के स्वर में ‘वन्देमातरम’ गीत
मुम्बई। अब एक बार फिर वंदे मातरम की गूंज से झूमेगा इंडिया सारा। वंदे मातरम के गीत से रगों में भर जाएगा देश भक्ति का जज्बा। गायिका मधुश्री, भारत की आजादी के 75वें अमृत महोत्सव के मौके पर अपनी सुरीली आवाज में लेकर आ गयी हैं भारत वासियों के लिये बेहद खूबसूरत नजराना। एक ऐसा गाना जो देश की पहचान है।
हाल ही में वंदे मातरम गाने को उन्होंने अपनी मधुर आवाज में रिकॉर्ड किया और अब गाना पूरा बनकर सामने आ गया है तो मधुश्री बेहद खुश हैं और कहती हैं,”मैं भारत से प्यार करती हूं और बचपन से वंदे मातरम गीत, मेरे दिमाग में सदैव एक मीठी धुन बनकर बजता रहा है, जब भी मैं ये गाना सुनती थी तो मेरे रोंगटे खड़े हो जाते थे। लता जी का गाया हुआ ‘वंदे मातरम’ गीत मुझे हमेशा से प्रेरणा देते रहा हैं और इस साल मैंने फैसला किया कि मैं ये गाना रिकॉर्ड करके देशवासियों को और भारत माँ को ये गाना समर्पित करूंगी।
मधुश्री आगे कहती हैं कि मैंने रॉबी बादल से एक अलग धुन बनाने के लिए कहा और उन्होंने हूबहू वैसा ही किया। मैंने पूरी श्रद्धा और कृतज्ञता के साथ इस गाने को गाया है। भारत माता ने हमें बहुत कुछ दिया है। मैं चाहूंगी कि यह गीत हमारे देश और हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को इस अवसर पर एक श्रद्धांजलि हो, जहाँ हमारा देश आजादी के 75 वें वर्ष अमृत महोत्सव मना रहा है। यह गीत हमारे तिरंगे की शक्ति को संगीत के माध्यम से हर घर तक पहुंचाने की मेरी एक कोशिश है। संगीत की कोई सीमा नहीं होती और वंदे मातरम गाने के माध्यम से मैं चाहती हूं कि हमारा राष्ट्रीय ध्वज हर भारतीय के घर और दिल में और दुनिया भर में सदैव गर्व से लहराता रहे।
इस गीत को संगीत से सजाया है रॉबी बादल ने, लिखा है बंकिम चंद्रा चट्टोपाध्याय और अर्रेंज किया है सुदीप घोष ने।
जब भगवान् कृष्ण ने ख़ुद थियेटर में बैठ कर देखी फिल्म
मुम्बई – मैं भी उस प्रीमियर शो में था , एक फोन कॉल , अमूमन मैं कही जाता नहीं हूँ मगर उस दिन जब अखिलेश ने मुझे फोन किया और कहा कि -” आप फ्री है मैक्सेस मॉल आना है , एक फिल्म का प्रीमियर शो है , मैंने भी अनमाने मन से बोल दिया है ठीक है , आता हूँ। अखिलेश ने मुझे मेरे व्हाटप्प पर सारी जानकारी भेजी , मगर मैंने पढ़ा नहीं , समय के अनुसार गाड़ी उठाई और बोरीवली गोराई पहुंच गया।
वहां पहुंचने पर फिल्म का नाम मालूम हुआ ” कृष्ण संगिनी यमुना ” नाम देख कर बड़ा रोमांचित हुआ , और जब यह मालूम हुआ कि फिल्म के निर्माता और निर्देशक फिल्म को सिर्फ धार्मिक दृष्टिकोण से बना कर सनातन संस्कृति का प्रचार -प्रसार कर रहे है तो मन और भी पुलकित हो गया।

खैर समय के अनुसार फिल्म देखने के लिए हम सभी लोग थियेटर में गए , मेरी नज़र एक कुर्सी पर जा कर टीक गई , देखा कि भगवान् कृष्ण बड़ी मोहक तस्वीर सजी हुई कुर्सी पर रखी हुई है मैंने भी उन्हें प्रणाम किया और अपनी सीट पर फिल्म देखने बैठ गया।
फिल्म ” कृष्ण संगिनी यमुना ” जब पर्दे पर शुरू हुई तो ” यमुना ” जी के बारे में जानने की जिज्ञासा बढ़ती चाली गई जिसे फिल्म में बाखूबी दिखाने का प्रयास किया गया , ज्ञात हो कि यमुना जी को श्रीकृष्ण की प्रिया कहा जाता है. पुराणों में उल्लेख है कि भगवान श्रीकृष्ण की आठ पटरानियों में एक प्रिय पटरानी कालिंदी ही यमुना हैं. वहीं जब कृष्ण भगवान किशोर थे तो उन्होंने यमुना के तट पर ही गोपियों संग रास रचाया. मान्यता है कि श्रीकृष्ण लीलाओं में यमुना जी का भी विशेष स्थान था।
कथा के अनुसार मृत्यु का भय दूर करती है मां यमुना वे मृत्यु के देवता यमराज (Yamraj) के साथ साथ न्याय के देवता शनि की भी बहन हैं. ऐसे में मां यमुना के भक्त मानते हैं कि मां के दर्शन करने से मृत्यु का भय और पाप दोनों नष्ट हो जाते हैं.
सूर्य की पुत्री, यमराज की बहन और श्रीकृष्ण की प्रियाओं में से एक, यमुना मां की महिमा अपरंपार है। जो इस फिल्म ” कृष्ण संगिनी यमुना ” में बताया गया है। फिल्म की लेखिका शशि बिहारी खंडेलवाल ने बहुत अच्छी कथा और पठकथा लिखी है जिसे ग्राफ़िक के माध्यम से खूबसूरत बनाया गया है। फिल्म के कलाकार ज्यादातर नए है। कलाकारों में आकांक्षा पाल , नीलम कुमारी , मनीष गर्ग , अनुज भारद्वाज , हर्षित वर्मा , अजय यादव , प्रियंसी पलव इत्यादि है।

इस फिल्म के निर्माता शशि बिहारी खंडेलवाल , और फिल्म्स गैलेरी है। फिल्म को मथुरा , वृन्दावन गोकुल , बनारस , ब्रजजेश्वरी और गुजरात में शूट किया गया है। फिल्म के निर्माण में वर्षा उपाध्याय ने भी सहयोग किया है। गीत संगीत निशांत कमल व्यास और शिवांग उपाध्याय का है। फिल्म के सह निर्माता श्याम उपाध्याय है। और महाप्रभु की विशेष भूमिका अनुग्रह बाबा ने निभाई है। यह फिल्म महाराणी फिल्म के बैनर तले बनी है।

यमुना जी के बारे में कुछ विशेष
श्रीकृष्ण की पटरानी हैं यमुना
द्वापर युग में श्रीकृष्ण लीला के समय सर्वेश्वर श्रीकृष्ण एवं यमुना जी के पुनर्मिलन का वृत्तांत कुछ इस प्रकार है-एक बार श्रीकृष्ण अर्जुन को साथ लेकर घूमने गए। यमुनातट पर एक वृक्ष के नीचे दोनों विश्राम कर रहे थे। श्रीकृष्ण को ध्यान मग्न देखकर अर्जुन टहलते हुए यमुना के किनारे कुछ दूर निकल गए। वहां उन्होंने देखा कि यमुना नदी के भीतर स्वर्ण एवं रत्नों से सुसज्जित भवन में एक अतीव सुंदर स्त्री तप कर रही है। अर्जुन ने जब उससे परिचय पूछा तो उसने कहा, मैं सूर्यदेव की पुत्री कालिंदी हूं।
भगवान श्रीकृष्ण के लिए मेरे मन में अपार श्रद्धा है और मैं उन्हीं को पाने के लिए तप कर रही हूं। मुझे पूर्ण विश्वास है कि मेरी मनोकामना अवश्य पूर्ण होगी।
अर्जुन ने वापस लौटकर यह वृत्तांत श्रीकृष्ण को सुनाया तो श्यामसुंदर ने कालिंदी के पास जाकर उन्हें दर्शन दिया और उनके अनुरोध को स्वीकार कर लिया। इसके बाद श्रीकृष्ण ने सूर्यदेव के समक्ष उनकी पुत्री कालिंदी (यमुना) से विवाह का प्रस्ताव रखा तो उन्होंने श्रीकृष्ण के साथ कालिंदी का विवाह कर दिया। इस प्रकार वह द्वारकाधीश श्रीकृष्ण की पटरानी बन गई।
गौ तस्कर माफिया अनुब्रत मंडल को सीबीआई ने किया गिरफ्तार
गौ तस्करी मामले में सीबीआई ने अनुब्रत मंडल को गिरफ्तार किया है। सीबीआई ने गुरुवार सुबह करीब 10 बजे उनके घर पर छापा मारा। केंद्रीय बलों ने नीचपट्टी के बोलपुर में अनुब्रत के घर को घेर लिया। अनुब्रत के घर के सभी दरवाजे बाहर से बंद थे। सीबीआई ने घर में सभी का फोन ले लिया। उसके बाद जांचकर्ताओं ने अनुब्रता को गिरफ्तार कर लिया। सीबीआई सूत्रों के मुताबिक जांच में सहयोग न करने के कारण उन्हें गिरफ्तार किया गया था। सीबीआई द्वारा भेजे गए दस समन में अनुब्रत केवल एक बार पेश हुए।
उन्होंने बुधवार को भी समन से परहेज किया। फिर गुरुवार की सुबह सीबीआई बीरभूम के तृणमूल कांग्रेस जिलाध्यक्ष अनुब्रत मंडल के बोलपुर स्थित घर पर पेश हुई. सीबीआई आज सुबह करीब साढ़े दस बजे उनके घर गई और कुछ देर तलाशी ली।
तभी सीआरपीएफ जवानों ने घर को घेर लिया। बाद में सीबीआई अधिकारी अनुब्रत मंडल को लेकर घर से निकल गए। गौ तस्करी मामले में सप्लीमेंट्री चार्जशीट में बॉडीगार्ड सहगल हुसैन का नाम था. अनुब्रत मंडल के नाम का भी उल्लेख किया गया था। सीबीआई अधिकारियों ने आज अनुब्रत के घर में प्रवेश किया और दरवाजे को बाहर से बंद कर दिया। सीबीआई के 10-12 वाहनों का काफिला था।

केंद्रीय बलों ने तृणमूल जिलाध्यक्ष के सुरक्षा गार्डों को वहां से हटा दिया। मेडिकल जांच के बाद उसे आज आसनसोल कोर्ट ले जाया जा सकता है।
गाय तस्करी मामला: सीबीआई छापे का विवरण सीबीआई अधिकारियों ने बुधवार रात बोलपुर में छापा मारा। वे रात में विश्व भारती के रतनकुठी गेस्ट हाउस में थे। सीबीआई ने सुबह गेस्ट हाउस में बंद कमरे में बैठक की। फिर गुरुवार की सुबह करीब 10:15 बजे केंद्रीय जांच एजेंसी के अधिकारी अनुब्रत मंडल के नीचपट्टी के घर में घुस गए. सीआरपीएफ से घिरा बीरभूम जिला तृणमूल अध्यक्ष का घर। अनुब्रत ने दूसरी मंजिल के कमरे में बैठे सीबीआई के दो अधिकारियों से करीब डेढ़ घंटे तक बात की।
सूत्रों के मुताबिक अधिकारियों ने उसके घर से कई अहम दस्तावेज भी जुटाए। उसके बाद अनुब्रत को गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि अभी तक सीबीआई ने गिरफ्तारी के बारे में कुछ नहीं बताया है।
बताया जा रहा है कि अरेस्ट मेमो पर भी साइन नहीं किया गया है. सीबीआई सूत्रों के मुताबिक इससे पहले अनुब्रत मंडल को गौ तस्करी मामले में सीआरपीसी की धारा 160 के तहत गवाह के तौर पर तलब किया गया था. हालांकि, इसी दिन बीरभूम के ‘बाहुबली’ तृणमूल नेता को सीआरपीसी की धारा 41 (ए) के तहत आरोपी के रूप में गिरफ्तार किया गया था।
सूत्रों के मुताबिक गुरुवार को उन्हें आसनसोल कोर्ट ले जाया जाएगा। हालांकि आसनसोल कोर्ट में पेश होने से पहले मेडिकल जांच कराई जाएगी। उस स्थिति में, यह अभी भी अज्ञात है कि उसका मेडिकल चेक-अप कहाँ किया जाएगा।
टीएमसी नेता जांच में नहीं कर रहे थे सहयोग
उन्होंने बताया कि सीबीआई ने टीएमसी नेता को गिरफ्तार करने से पहले उन्हें आपराधिक दंड संहिता (सीआरपीसी) की धारा 41 के तहत एक नोटिस दिया। जांच एजेंसी ने पिछले कुछ दिनों में टीएमसी नेता को दो बार पूछताछ के लिए बुलाया था लेकिन वह खराब सेहत का हवाला देते हुए पेश नहीं हुए थे। सीबीआई के कम से कम आठ अधिकारियों का दल केंद्रीय बलों के साथ सुबह करीब 10 बजे मंडल के आवास पर पहुंचा और जांच के तौर पर तलाश अभियान शुरू किया। अधिकारी ने बताया कि मंडल से उनके आवास की दूसरी मंजिल पर स्थित एक कमरे में पूछताछ की गयी।
डॉक्टर से भी होगी पूछताछ
उन्होंने बताया कि सीबीआई बोलपुर के एक अस्पताल के डॉक्टर से भी पूछताछ करेगी, जिन्होंने मंडल को 14 दिनों तक आराम करने की सलाह दी थी। उन्होंने बताया कि जांच एजेंसी के अधिकारी टीएमसी नेता के साथ ही उनके कई करीबी साथियों के आवास पर छापे मार रहे हैं। मंडल से सीबीआई ने दो बार पूछताछ की है। केंद्रीय एजेंसी ने उनके अंगरक्षक सैगल हुसैन को भी गिरफ्तार किया है।








